लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बाढ़ से बचाव को लेकर कई निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा, तटवर्ती क्षेत्रों में एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों को सक्रिय मोड में रखा जाए। साथ ही कहा, सभी जलभराव प्रभावित क्षेत्रों से जल निकासी यथाशीघ्र की जाए, ताकि नागरिकों को राहत मिल सके।
पढ़ें :- यूपी विधानसभा में कांग्रेस कितनी सीटों पर लड़ेगी चुनाव के सवाल पर आराधना मोना मिश्रा बोलीं- यह निर्णय नेतृत्व लेगा
मुख्यमंत्री ने कहा कि, प्रदेश के कई हिस्सों में भारी वर्षा के चलते जलभराव, सड़क क्षति और कुछ क्षेत्रों में नदियों के जलस्तर में तेज वृद्धि देखी गई है। इस पर सतत निगरानी रखी जाए। सभी जलभराव प्रभावित क्षेत्रों से जल निकासी यथाशीघ्र की जाए, ताकि नागरिकों को राहत मिल सके।
बाढ़ की आशंका वाले संवेदनशील इलाकों में पहले से ही पर्याप्त प्रबंध कर लिए जाएं।
राहत और बचाव दलों को सतर्क रखा जाए। नाव, सर्च लाइट, जीवन रक्षक उपकरण, मेडिकल किट जैसी सभी आवश्यक सामग्रियां पूरी तत्परता के साथ तैयार रहें।
तटवर्ती क्षेत्रों में एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों को… pic.twitter.com/o3ZEqmKg9C
पढ़ें :- यूपी में वोटर लिस्ट पर कांग्रेस का बड़ा आरोप, पीलीभीत में 13 हजार लोगों के नाम बदलने का दावा
— CM Office, GoUP (@CMOfficeUP) July 14, 2025
बाढ़ की आशंका वाले संवेदनशील इलाकों में पहले से ही पर्याप्त प्रबंध कर लिए जाएं। राहत और बचाव दलों को सतर्क रखा जाए। नाव, सर्च लाइट, जीवन रक्षक उपकरण, मेडिकल किट जैसी सभी आवश्यक सामग्रियां पूरी तत्परता के साथ तैयार रहें। तटवर्ती क्षेत्रों में एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों को सक्रिय मोड में रखा जाए।
बता दें कि, बीते कुछ दिनों से प्रदेश के कई हिस्सों में जमकर बारिश हो रही है। बारिश के कारण नदियों का जलस्तर बढ़ गया है, जिसके चलते बाढ़ का खतरा बना हुआ है। इसको लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पर्याप्त प्रबंध करने के निर्देश दिए हैं।