2027 Census Notification : केंद्र की मोदी सरकार ने गुरुवार को जनगणना 2027 की अधिसूचना जारी की है। जिसमें जनगणना के लिए मकान, परिवार, वाहन से जुड़े 33 सवाल शामिल किए गए हैं। इस बीच, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने जनगणना 2027 की अधिसूचना को लेकर सवाल खड़े किए हैं। अखिलेश ने कहा कि जनगणना की अधिसूचना में जाति का कॉलम तक नहीं है, गिनेंगे क्या।
पढ़ें :- Viral Video : जब सपा नेता सीताराम यादव ने अखिलेश यादव के सामने लगाई दंड-बैठक, जानें क्या है पूरा मामला?
यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने शनिवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “जनगणना की अधिसूचना में जाति का कॉलम तक नहीं है, गिनेंगे क्या। जातिगत जनगणना भी भाजपा का जुमला है। भाजपा का सीधा फ़ार्मूला है, न गिनती होगी, न आनुपातिक आरक्षण-अधिकार देने का जनसांख्यिकीय आधार बनेगा। जातिगत जनगणना न करना पीडीए समाज के ख़िलाफ़ भाजपाई साज़िश है।”
अखिलेश ने आगे लिखा, ” आज भाजपा पर भरोसा करनेवाले अपने को ठगा हुआ ही नहीं बल्कि घोर अपमानित भी महसूस कर रहे हैं। भाजपा में जो कार्यकर्ता व नेता अब तक जातिगत जनगणना करवाने का दावा कर रहे थे, वो अब अपने समाज में मुँह दिखाने लायक नहीं बचे। वो अब गले से भाजपाई पट्टा और घरों, दुकानों, वाहनों से भाजपा का झंडा उतारने के लिए मजबूर हैं। पीडीए को अपने मान-सम्मान, आरक्षण और अधिकार की लड़ाई ख़ुद लड़नी होगी।”
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष ने एक्स पोस्ट में लिखा, “अब जब विरोध होगा तो ‘छलजीवी भाजपा’ फिर कहेगी ये टाइपिंग मिस्टेक हो गयी। भाजपा अब इतनी बुरी तरह एक्सपोज़ हो गयी है कि सबको मालूम है कि अपने गलत मंसूबों के भंडाफोड़ होने के बाद आगे क्या करेगी। दरअसल ये भाजपाई चालाकी नहीं, भाजपाई बेशर्मी है। अब शब्दकोशों में ‘वचन-विमुखी’ भाजपा का मतलब ‘धोखा’ लिख देना चाहिए।”
जनगणना की अधिसूचना में जाति का कॉलम तक नहीं है, गिनेंगे क्या। जातिगत जनगणना भी भाजपा का जुमला है। भाजपा का सीधा फ़ार्मूला है, न गिनती होगी, न आनुपातिक आरक्षण-अधिकार देने का जनसांख्यिकीय आधार बनेगा। जातिगत जनगणना न करना पीडीए समाज के ख़िलाफ़ भाजपाई साज़िश है।
पढ़ें :- 'चोरी ट्रस्ट वालों ने की है, कृपया सम्पूर्ण अयोध्यावासियों को गाली न दें...' पूर्व मंत्री पवन पांडेय की भावुक अपील
आज भाजपा पर भरोसा… pic.twitter.com/u4DREdT9JH
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) January 24, 2026
बता दें कि अधिसूचना के अनुसार, जनगणना दो चरण में पूरी की जाएगी। इसका पहला चरण अप्रैल से सितंबर 2026 के बीच शुरू होगाा। दूसरा चरण फरवरी 2027 में शुरू होगा। पहले चरण में घरों की सूची और उससे जुड़ी जानकारी जुटाई जाएगी, जबकि दूसरे चरण में जनसंख्या की गिनती की जाएगी।