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भाजपा चुनावी गणित को समझे और आंदोलनकारी युवाओं की बात सुने, नहीं तो दहाई के अंक में सिमट जाएगी पार्टी : अखिलेश यादव

By santosh singh 
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लखनऊ। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने गुरुवार को सोशल मीडिया एक्स पर एक और पोस्ट करते हुए लिखा है कि भाजपा अगर केवल चुनाव का गणित समझती है तो सुन ले कि PCS/RO/ARO/LOWER SUBORDINATE जैसी अन्य प्रतियोगी छात्रों और उनके परिवार के लोगों को मिला लिया जाए तो ये संख्या लगभग 1 करोड़ होती है। अगर इस ‘महा-संख्या’ को लगभग 400 विधानसभा सीटों से भाग दें तो भाजपा के लगभग 25000 वोट हर विधानसभा सीट पर कम होंगे मतलब भाजपा दहाई के अंक में सिमट जाएगी।

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उन्होंने कहा कि उम्मीद है, इस गणित को ही समझ कर आज ही भाजपा की हृदयहीन सरकार अत्याचार बंद करेगी और आंदोलनकारी युवाओं की लोकतांत्रिक जायज़ मांग को पूरा करेगी। अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा को एक आदत पड़ गई है, जनाक्रोश से डरकर आखिरकार बात तो वो मानने पर मजबूर होती है, लेकिन तभी जब उसके सारे हिंसक तरीके नाकाम हो जाते हैं और जब उसकी नौकरी विरोधी नकारात्मक राजनीति पूरी तरह फेल हो जाती है। भाजपा हमेशा के लिए खत्म होनेवाली है। अभ्यर्थी कहे आज का, नहीं चाहिए भाजपा!

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आंदोलनकारी दिव्यांग छात्रा की बैसाखी ले गई पुलिस: अखिलेश

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सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक और पोस्ट में लिखा है कि इलाहाबाद में एक आंदोलनकारी दिव्यांग छात्रा की बैसाखी पुलिस ले गई है। ये खबर बताती है कि भाजपाई और उनकी सरकार कितनी निर्दयी और संवेदनहीन है। ऐसी सरकार को बने रहने का कोई हक नहीं है। भाजपा घमंड के हिमालय पर चढ़ी हुई है। जो जितनी ऊंचाई पर होता है, उसका पतन भी उतना ही नीचे और तेजी से होता है। दिव्यांग कहे आज का, नहीं चाहिए भाजपा!

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