लखनऊ। यूपी (UP) के प्रतापगढ़ जिले (Pratapgarh District) में 11 साल पहले हुए बहुचर्चित सीओ जिया उल हक हत्याकांड (CO Zia-Ul-Haq Murder Case) में बुधवार की शाम लखनऊ में CBI कोर्ट (CBI Court) ने फैसला सुनाया है। हत्याकांड के 11 साल बाद आए फैसले में कुल 10 आरोपियों को CBI के स्पेशल जज (CBI Special Judge) ने 10 वर्ष की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक आरोपी पर 19,500 का जुर्माना लगाया गया है। जुर्माने की कुल रकम का 50 प्रतिशत जियाउल हक (Ziaul Haq) की पत्नी को दिया जाएगा। बुधवार की देर शाम आए फैसले के बाद सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।
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दिल दहलाने वाला यह हत्याकांड 2 मार्च 2013 को हुआ था, जब तत्कालीन सीओ कुंडा जियाउल हक की लाठी डंडों से पीटने के बाद गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया भी आरोपी बनाए गए थे, हालांकि उन्हें पहले ही क्लीन चिट मिल चुकी है।