तेहरान : ईरान दिवंगत सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई (Iran’s Supreme Leader Ayatollah Sayyed Ali Khamenei) को श्रद्धांजलि देने के लिए हफ्ते भर चलने वाला अंतिम संस्कार कार्यक्रम आयोजित कर रहा है। इसमें लाखों लोगों के शामिल होने की उम्मीद है। अंतिम संस्कार कार्यक्रम 4 जुलाई को शुरू होगा, जो 9 जुलाई को पवित्र शहर मशहद में उन्हें दफनाने के साथ पूरी होगी। मशहद खामेनेई का गृह नगर भी है। इसके पहले शुक्रवार को अली खामेनेई (Ali Khamenei) और उनके परिवार के कई सदस्यों के शवों को इमाम खुमैनी ग्रैड मोसाला मस्जिद में लाया गया, जहां लोगों को उन्हें श्रद्धांजलि देते देखा गया।
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भारत से पहुंचे धर्मगुरुओं ने दी श्रद्धांजलि
A delegation of Indian religious leaders paid tribute to the martyred Leader of the Islamic Republic of Iran, Ayatollah Ali Khamenei. pic.twitter.com/Ji1i3vNkGm
— Iran in India (@Iran_in_India) July 3, 2026
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शुक्रवार को भारत से पहुंचे धर्म गुरुओं ने भी ईरान के सुप्रीम लीडर की श्रद्धांजलि दी। भारत में स्थित ईरानी दूतावास ने इसकी तस्वीर सोशल मीडिया पर पोस्ट की है। इसमें भगवाधारी हिंदू, पगड़ीधारी सिख धर्म गुरु श्रद्धांजलि देते नजर आए। धार्मिक नेताओं के अलावा राजनेता और सिविल सोसाइटी के प्रतिनिधिमंडल ने भी खामेनेई को श्रद्धांजलि दी। जम्मू कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती (Former Chief Minister of Jammu and Kashmir, Mehbooba Mufti) और कांग्रेस नेता सलमान खुर्शीद (Congress leader Salman Khurshid) ने भी खिराज-ए-अकीदत पेश की। उनके साथ ईसाई और हिंदू धर्म गुरु भी नजर आए।
An honour for me to be here in Tehran to express my deepest condolences & solidarity on the martyrdom of Iran’s Supreme Leader Ayatollah Sayyed Ali Khamenei- a revered leader who dared to stand against the tide & fought for the oppressed. pic.twitter.com/dyfRbNXhsr
— Mehbooba Mufti (@MehboobaMufti) July 3, 2026
तीन दशक से ज्यादा समय तक ईरान के सुप्रीम लीडर रहे अयातुल्ला अली खामेनेई 28 फरवरी को ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजरायल के हमले के पहले ही दिन मारे गए थे, जिसके बाद क्षेत्र में एक बड़ा संघर्ष छिड़ गया था। अब चार महीने बाद ईरान ने खामेनेई के अंतिम संस्कार की प्रक्रिया शुरू की है।
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ईरान में कार्यक्रम को लेकर भव्य तैयारी
इसे भव्य बनाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ी गई है। ईरानी मीडिया में 10 से ज्यादा दिनों से इसकी जोर शोर से तैयारी चल रही थी। ईरान ने कार्यक्रम की शुरुआत के लिए जिस दिन को चुना है, उसे अमेरिका के लिए संकेत के रूप में देखा जा रहा है। 4 जुलाई को अमेरिका अपना स्वतंत्रता दिवस मनाता है।
With tears in his eyes and a heart filled with grief, All JK Shia Association President, Molvi @imranrezaansari pays his final tributes to Ayatullah Syed Ali Khamenei, standing beside his blessed coffin. It is a moment of profound sorrow, reverence, and reflection,
1/1 pic.twitter.com/RUeSxq2IK4— All J&K Shia Association (@AJKSAOfficial) July 3, 2026
खामेनेई के अंतिम संस्कार का कार्यक्रम
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4-6 जुलाई- अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के कार्यक्रम की शुरुआत 4 जुलाई को तेहरान से होगी। खामेनेई के पार्थिव शरीर को लोगों के दर्शन के लिए ग्रैंड मोसाला प्रार्थना परिसर में रखा जाएगा। 6 जुलाई को तेहरान की सड़कों पर बड़ा जुलूस निकाला जाएगा, जिसमें लाखों लोगों के शामिल होने की उम्मीद है।
7 जुलाई- इसके बाद अंतिम संस्कार का जुलूस पवित्र शहर कोम जाएगा। तेहरान से लगभग 140 किलोमीटर दक्षिण-पश्चिम में स्थित कोम शहर, ईरान में शिया इस्लामिक विद्वता का केंद्र है।
8 जुलाई- ईरान के पड़ोसी देश इराक के ऐतिहासिक और पवित्र शहरों नजफ और कर्बला में भी यह जुलूस जाएगा।
9 जुलाई- अली खामेनेई को उनके गृह नगर मशहद में इमाम रजा की दरगाह में दफनाया जाएगा।
ईरानी मीडिया रिपोर्ट के अनुसार दिवंगत नेता के अंतिम संस्कार के लिए होने वाले 6 दिनों के कार्यक्रम में 1.5 से 2 करोड़ लोगों के शामिल होने की उम्मीद है। भारी भीड़ की संभावना को देखते हुए अधिकारियों ने हाई अलर्ट जारी किया है।