Gupt Navratri 2026 : सनातन धर्म में नवरात्रि का विशेष महत्व है। साल में चार बार आने वाली नवरात्रि में एक नवरात्रि गुप्त भी होती है। मां दुर्गा देवी के विशेष पर्व माघ की नवरात्रि की शुरुआत आज हो रही है। 9 दिनों तक चलने वाली नवरात्रि में 9 देवियों की पूजा होती है। इस दौरान साधना, मंत्र जाप और ध्यान को विशेष महत्व दिया जाता है। इस पर्व में नौ दिनों तक 10 महाविद्याओं काली, तारा, त्रिपुरसुंदरी, भुवनेश्वरी, छिन्नमस्ता, त्रिपुरभैरवी, धूमावती, बगलामुखी, मातंगी और कमला की पूजा की जाती है। अगर आप भी इस नवरात्रि घट स्थापना करने जा रहे हैं, तो उसका शुभ मुहूर्त जान लीजिए।
पढ़ें :- Jaya Ekadashi 2026 : जनवरी में इस दिन रखा जाएगा जया एकादशी व्रत , जानें धार्मिक महत्व
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, माघ मास की गुप्त नवरात्र में यदि देवी की पूजा गोपनीय तरीके से की जाए, तो विशेष फल मिलता है।
घट स्थापना
नवरात्र के पहले दिन यानी आज घट स्थापना का शुभ समय सुबह 06:43 बजे से 10:24 बजे तक था। अगर कोई इस समय घट स्थापना नहीं कर पाता है, तो वह अभिजीत मुहूर्त में भी कलश स्थापित कर सकता है। अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:11 बजे से 12:53 बजे तक रहेगा।
गुप्त नवरात्रि भोग
देवी काली: महाविद्याओं में प्रथम मां काली को हलवा और काली उड़द की खिचड़ी का भोग लगाना शुभ माना जाता है। इससे शत्रुओं से मुक्ति मिलती है।
पढ़ें :- 19 जनवरी 2026 का राशिफल: आज आर्थिक जागरूकता और जिम्मेदारी से निर्णय लें...जानिए आप भी क्या कहते हैं आपके सितारे?
देवीतारा: मां तारा को सफेद चावल और चीनी का भोग अर्पित किया जाता है। इससे ज्ञान बढ़ता है और आत्मिक शांति मिलती है।
देवी ललिता: देवी को खीर, पंचामृत और केसर वाला दूध चढ़ाया जाता है। इससे जीवन में सुख और शांति बनी रहती है।
देवीभुवनेश्वरी: मां भुवनेश्वरी को ताजे फल और मिठाई का भोग लगाना चाहिए। इससे समाज में सम्मान बढ़ता है।
देवी छिन्नमस्ता: देवी को उड़द की दाल से बनी चीजें अर्पित करना शुभ माना जाता है। इससे हिम्मत बढ़ती है और कानूनी मामलों में सफलता मिलती है।
देवी भैरवी: मां भैरवी को मावे की मिठाई या गुड़ से बने पकवान चढ़ाए जाते हैं। इससे डर दूर होता है।
पढ़ें :- Basant Panchami 2026 : बसंत पंचमी पर करें माता सरस्वती की पूजा, जानें तारीख और पूजा मुहूर्त
देवी धूमावती: इस स्वरूप को नमक वाली चीजें जैसे बड़ा या कचौड़ी चढ़ाना शुभ माना जाता है।
देवी बगलामुखी: मां बगलामुखी को पीले रंग की चीजों का भोग लगाया जाता है, जैसे बेसन के लड्डू, पीली मिठाई या केसरिया भात। इससे शत्रुओं से राहत मिलती है।
देवी मातंगी: मां मातंगी को पान का बीड़ा और फल चढ़ाना शुभ माना जाता है। इससे बुद्धि और वाणी में सुधार आता है।
देवी कमला: देवी कमला को नारियल, खीर और मखाने का भोग लगाया जाता है। इससे घर में धन और समृद्धि बनी रहती है।