Advertisement
  1. हिन्दी समाचार
  2. क्षेत्रीय
  3. दिल्ली दौरे से बदली सियासी तस्वीर? बीजेपी छोड़ने की अटकलों के बीच नितिन नवीन से मिले अन्नामलाई

दिल्ली दौरे से बदली सियासी तस्वीर? बीजेपी छोड़ने की अटकलों के बीच नितिन नवीन से मिले अन्नामलाई

By Harsh 
Updated Date

नई दिल्ली।  तमिलनाडु भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के. अन्नामलाई को लेकर पिछले कुछ दिनों से चल रही अटकलों के बीच मंगलवार को उन्होंने दिल्ली में भाजपा के वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात की। अन्नामलाई ने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और राष्ट्रीय महासचिव बी.एल. संतोष से मुलाकात कर अपने राजनीतिक भविष्य को लेकर उठ रहे सवालों के बीच नया संकेत दिया है।

पढ़ें :- असम की नगांव लोकसभा सीट के लिए बीजेपी ने पूर्व आईएएस अधिकारी देवाशीष शर्मा को घोषित किया अपना उम्मीदवार

दरअसल, सोशल मीडिया और राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा तेज थी कि अन्नामलाई भाजपा छोड़ सकते हैं या अपनी नई राजनीतिक पार्टी बना सकते हैं। इन अटकलों के बीच पार्टी नेतृत्व के साथ उनकी बैठक को काफी अहम माना जा रहा है। सूत्रों के अनुसार, पार्टी नेताओं ने अन्नामलाई को भरोसा दिलाया है कि संगठन उनकी योग्यता और अनुभव के अनुरूप आगे भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां देता रहेगा।

इससे पहले सोमवार को जब उनसे नई पार्टी बनाने और भाजपा छोड़ने की चर्चाओं पर सवाल किया गया था, तो उन्होंने कहा था कि जल्द ही इस विषय पर स्थिति स्पष्ट की जाएगी। उनके इस बयान ने भी राजनीतिक चर्चाओं को और हवा दी थी। उधर, 4 जून को उनके जन्मदिन से पहले तमिलनाडु के कई इलाकों में समर्थकों द्वारा पोस्टर लगाए गए हैं। पोस्टरों में अन्नामलाई को नेतृत्व संभालने का आह्वान किया गया है, जिससे उनके समर्थकों की सक्रियता साफ नजर आ रही है। अटकलों को उस वक्त और बल मिला जब अन्नामलाई चेन्नई एयरपोर्ट पर जिस वाहन से पहुंचे, उस पर भाजपा का झंडा नहीं लगा था। इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर उनके पार्टी छोड़ने की चर्चाएं और तेज हो गईं।

अन्नामलाई के जन्मदिन से पहले तमिलनाडु की सड़को में लगे पोस्टर

पूर्व आईपीएस अधिकारी अन्नामलाई ने 2020 में भाजपा की सदस्यता ली थी। अपनी तेजतर्रार शैली और आक्रामक राजनीति के कारण वह जल्द ही तमिलनाडु भाजपा का बड़ा चेहरा बन गए। 2021 में उन्हें प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया था, लेकिन 2026 विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी ने संगठन में बदलाव करते हुए उन्हें इस पद से हटा दिया। चुनाव में भी उनकी भूमिका सीमित रही और उन्हें टिकट नहीं दिया गया, जिसके बाद उनके राजनीतिक भविष्य को लेकर लगातार चर्चाएं होती रहीं। हालांकि, दिल्ली में भाजपा नेतृत्व से हुई मुलाकात के बाद माना जा रहा है कि अन्नामलाई फिलहाल भाजपा के साथ ही बने रह सकते हैं। अब सभी की नजर उनके अगले आधिकारिक बयान पर टिकी है, जो तमिलनाडु की राजनीति में चल रही तमाम अटकलों पर विराम लगा सकता है।

पढ़ें :- पीयूष गोयल, बोले- BRICS में भारत का बढ़ा कद, वैश्विक GDP के 40 फीसदी हिस्से का प्रतिनिधित्व करते हैं इसके सदस्य देश
Advertisement