उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में शनिवार को 69000 शिक्षक भर्ती में पिछड़े और दलितों के कोटे के 6800 पदों की बहाली को लेकर मुख्यमंत्री आवास के पास पांच कालीदास मार्ग जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान अभ्यर्थियों को हटाने के लिए पुलिस ने हल्का बल प्रयोग भी किया।
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#Lucknow News: 6800 पदों पर भर्ती को लेकर अभ्यर्थियों का मुख्यमंत्री आवास पर प्रदर्शन, पुलिस ने किया हल्का बल प्रयोग, सभी हिरासत में ..#6800पदोंपरभर्ती pic.twitter.com/DM5m1Pm7pO
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मुख्यंमत्री आवास के पास नारेबाजी कर रहे 150 लोगो को पुलिस ने हटाने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस और अभ्यर्थियों की बीच तीखी झड़प हो गई। अभ्यर्थी सड़क पर बैठकर प्रदर्शन करने लगे। मुख्यमंत्री आवास के पास प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। इस दौरान पुलिस और अभ्यर्थियों में धक्का मुक्की भी हुई। प्रदर्शन में महिलाएं भी शामिल थी।
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6800 पदों पर शिक्षक भर्ती को लेकर मुख्यमंत्री आवास के पास प्रदर्शन
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अभ्यर्थियों और पुलिस के बीच झड़प
हंगामा कर रहे अभ्यर्थियों ने सड़क पर बैठ कर हंगामा करना शुरु कर दिया। इस दौरान पुलिस ने अभ्यर्थियों को हटाने का प्रयास किया जब वे नहीं हटे तो उन्हे हटाने के लिए पुलिस ने हल्का बल प्रयोग किया। अभ्यर्थियों और पुलिस के बीच झड़प हो गई। पुलिस ने अभ्यर्थियों को जबरन बस में बैठाकर ईको गार्डन ले गए।
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आपको बता दें ये अभ्यर्थी पांच सौ दिनों से अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। अभ्यर्थियों का आरोप है कि बेसिक शिक्षा विभाग से इस बारे में कई बार बात की जा चुकी है, लेकिन अब तक अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र नहीं दिया गया।
योगी सरकार ने दिया था नियुक्ति का आश्वासन
अभ्यर्थियों का कहना है कि उत्तर प्रदेश सरकार ने 2022 में चुनाव से पहले नियुक्ति पत्र देने का आश्वासन दिया था। उनका आरोप है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद भी सरकार अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र नहीं दे रही है।