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नालंदा: मिड-डे मील में नमक की जगह मिला दिया कपड़े धोने वाला सर्फ, 35 बच्चे बीमार

By Harsh 
Updated Date

नालंदा : बिहार के नालंदा जिले के नूरसराय प्रखंड स्थित मध्य विद्यालय परासी में मंगलवार को मिड-डे मील खाने के बाद करीब 35 बच्चों की तबीयत बिगड़ गई। बच्चों ने गले में तेज जलन और पेट दर्द की शिकायत की। इसके बाद स्कूल में अफरा-तफरी मच गई और सभी बच्चों को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया।

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बच्चों ने बताया कि दोपहर के भोजन में चावल और आलू-सोयाबीन की सब्जी परोसी गई थी। खाना खाते समय कुछ बच्चों को सब्जी का स्वाद अजीब लगा। छात्रा प्रीति कुमारी के मुताबिक सब्जी में नमक की जगह सर्फ जैसा स्वाद महसूस हुआ। इसके बाद एक-एक कर बच्चों ने गले में जलन और दूसरी दिक्कतों की शिकायत शुरू कर दी।

डेंटल कॉलेज से सदर अस्पताल भेजे गए बच्चे

स्कूल प्रबंधन ने पहले बच्चों को भागन बीघा स्थित डेंटल कॉलेज पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने सभी को बिहारशरीफ सदर अस्पताल रेफर कर दिया। अस्पताल में बच्चों का इलाज किया जा रहा है। नालंदा के सिविल सर्जन डॉ. जयप्रकाश सिंह ने बताया कि बच्चों की हालत स्थिर है और डॉक्टरों की टीम उनकी निगरानी कर रही है। प्रधानाध्यापक शैलेंद्र कुमार सिंह के अनुसार स्कूल में मिड-डे मील एनजीओ के जरिए पहुंचता है। उनका कहना है कि दूसरी पंगत में भोजन के दौरान एक बच्ची ने अतिरिक्त नमक मांगा था। रसोइया ने गलती से नमक के बजाय सर्फ उठा लिया और उसे भोजन में डाल दिया।

मंत्री ने अस्पताल पहुंचकर लिया बच्चों का हाल

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बच्चों के बीमार होने की सूचना के बाद शिक्षा विभाग और स्थानीय प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है। भोजन के नमूने भी जांच के लिए भेजे जाने की तैयारी है। बिहार सरकार के मंत्री श्रवण कुमार ने सदर अस्पताल पहुंचकर बच्चों से मुलाकात की और डॉक्टरों से उनकी स्थिति की जानकारी ली। मंत्री ने कहा कि बच्चों के भोजन में इस तरह की लापरवाही गंभीर मामला है। जांच में जो भी जिम्मेदार पाया जाएगा, उसके खिलाफ कड़ी प्रशासनिक और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों की सुरक्षा सरकार की प्राथमिकता है।

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