Ravivaar Aadityhraday Stotr : सूर्य देव को आत्मा का कारक माना जाता है। सप्ताह में रविवार का दिन भगवान सूर्य देव को समर्पित है। इस दिन सूर्य देव की पूजा-अर्चना करना शुभ एंव लाभकारी माना जाता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, कुडली में समर्य देव के मजबूत होने से जातक प्रतापी और प्रभावशाली होता है। सूर्य को आत्मा, पिता, मान-सम्मान, उच्च पद, और सरकारी नौकरी का कारक माना जाता है। जब सूर्य कुंडली में मजबूत होता है, तो व्यक्ति में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता, और सकारात्मक सोच का विकास होता है।
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ज्योतिषीय उपायों में रविवार के दिन आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करने से कई लाभ होते हैं, जिनमें आत्मविश्वास में वृद्धि, मन के भय से मुक्ति, सरकारी विवादों में सफलता, और पिता-पुत्र संबंधों में सुधार शामिल हैं।
सूर्य को अर्घ्य दें
रविवार को सूर्योदय से पहले उठकर स्नान करें और सूर्य को जल चढ़ाएं। जल चढ़ाते समय “ॐ सूर्याय नमः”, “ॐ आदित्याय नमः” जैसे मंत्रों का जाप करें।
सूर्य नमस्कार करें
सूर्य नमस्कार करने से सूर्य देव प्रसन्न होते हैं और सेहत भी अच्छी रहती है।
लाल रंग के वस्त्र पहनें
लाल रंग सूर्य देव को प्रिय है, इसलिए रविवार को लाल रंग के वस्त्र पहनना शुभ माना जाता है।
दान
रविवार को गुड़, लाल वस्त्र, तांबे के बर्तन, चावल और दूध जैसी चीजें दान करना शुभ माना जाता है। घर से बाहर निकलते समय माथे पर चंदन का तिलक लगाना शुभ माना जाता है।