आगरा। उत्तर प्रदेश में बीते कुछ महीनों से यूरिया खाद न मिलने से किसानों को काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। अब आगरा से एक दर्दनाक खबर सामने आ रही है। दरअसल, खाद के लिए लाइन में खड़े मजरा नगला परिमाल निवासी किसान जयदेव (27) की मंगलवार अचानक तबीयत बिगड़ गयी। आनन फानन में उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनकी मौत हो गयी।
पढ़ें :- बंगाल ने लिखी महिला आरक्षण बिल गिराने की स्क्रिप्ट? अखिलेश ने ममता तो राहुल ने अभिषेक को लगाया फोन
आरोप है कि, किसान खाद के लिए तीन दिनों से सहकारी समिति के चक्कर काट रहा था लेकिन उसे खाद नहीं मिला। बुधवार शाम किसान का गांव में अंतिम संस्कार किया। किसान की माैत पर आक्रोश जताते हुए गुरुवार को ग्रामीणों ने विरोध-प्रदर्शन किया। वहीं, इस घटना को लेकर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा, खाद के लिए किसी की जान चली जाए और सरकार कुछ न करे। संवेदनहीनता की भी एक हद होती है लेकिन मानवीय सिद्धांत भाजपा पर लागू नहीं होते हैं।
अख़बार तक में ख़बर छप गयी लेकिन प्रशासन कह रहा है हमें नहीं पता, शिकायत आयेगी तो कुछ कार्रवाई करेंगे। प्रशासन ऐसा तभी कह सकता है, जब शासन उससे कहलवा रहा है, नहीं तो ‘कबूतरी आँख’ बंद किये कुर्सी पर बैठे ऐसे अनभिज्ञ लोगों को कुर्सी से हटाते सरकार देर नहीं करती।
खाद के लिए किसी की… pic.twitter.com/jPULZbK9M9
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) September 27, 2025
पढ़ें :- ये महिला आरक्षण बिल नहीं था, संघीय बदलने की कोशिश थी : राहुल गांधी
अखिलेश यादव ने एक न्यूज पेपर की कटिंग को सोशल मीडिया पर शेयर किया है। साथ ही लिखा कि, अख़बार तक में ख़बर छप गयी लेकिन प्रशासन कह रहा है हमें नहीं पता, शिकायत आयेगी तो कुछ कार्रवाई करेंगे। प्रशासन ऐसा तभी कह सकता है, जब शासन उससे कहलवा रहा है, नहीं तो ‘कबूतरी आंख’ बंद किये कुर्सी पर बैठे ऐसे अनभिज्ञ लोगों को कुर्सी से हटाते सरकार देर नहीं करती। खाद के लिए किसी की जान चली जाए और सरकार कुछ न करे। संवेदनहीनता की भी एक हद होती है लेकिन मानवीय सिद्धांत भाजपा पर लागू नहीं होते हैं। भाजपा किसान विरोधी है।