लखनऊ। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Chief Minister Yogi Adityanath) की अध्यक्षता में गुरुवार को हुई कैबिनेट बैठक में प्रदेश के शिक्षकों को योगी सरकार (Yogi Government) ने बड़ी सौगात दी है। अब शिक्षकों को भी राज्य कर्मचारियों की तरह ही कैशलेस इलाज (Cashless Treatment) की सुविधा मिलेगी। बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दो दी गई है। इस फैसले से 11.92 लाख से ज्यादा शिक्षकों को सीधा लाभ मिलेगा। इस फैसले को आयुष्मान व्यवस्था के माध्यम से लागू किया जाएगा। इस फैसले से शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक व रसोइया सभी लाभांवित होंगे। इस फैसले के क्रियान्वयन में 358.61 करोड़ रुपये की लागत आएगी।
पढ़ें :- माघ मेला स्नान विवाद में कूदीं मायावती, राजनीति को धर्म से न जोड़ने की दी नसीहत
बैठक में माध्यमिक शिक्षा विभाग (Secondary Education Department) को भी कैशलेस सुविधा (Cashless Treatment) की मंजूरी दे दी गई है। इससे दो लाख 97 हजार 579 कर्मचारी लाभांवित होंगे। वहीं, सरकार 89.25 करोड़ रुपये का व्यय भार पड़ेगा। हालांकि, जो कर्मचारी पहले से ही किसी सरकारी योजना जैसे आयुष्मान से आच्छादित हैं उन्हें इसका लाभ नहीं दिया जाएगा।
बता दें कि कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Chief Minister Yogi Adityanath) ने बीते साल के पांच सितंबर को शिक्षक दिवस पर शिक्षकों के लिए कैशलेश चिकित्सा (Cashless Treatment) सुविधा देने की घोषणा की थी। विभाग की ओर से इस योजना को आयुष्मान योजना (Ayushman Yojana) की तरह लागू करने की तैयारी है। यह सुविधा पूरी तरह कैशलेश है। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में कुल 32 में से 30 प्रस्ताव पास हो गए। सिर्फ 14वां और 17वां प्रस्ताव ही रोका गया।
बैठक में लिए गए अन्य फैसले:
बैठक में शहरी पुनर्विकास नीति 2026 को मंजूरी दे दी गई।
पढ़ें :- उत्तर प्रदेश दिवस पर CM योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों के नाम जारी किया वीडियो संदेश
नक्शा पास करने की प्रक्रिया सरल की जाएगी जिससे कि लोग नक्शा जरूर पास करें। विकास शुल्क के संशोधित प्राइस लागू किए जाएंगे।
बरेली में विज्ञान पार्क और नक्षत्रशाला की स्थापना होगी।
मुरादाबाद में भी नक्षत्रशाला और विज्ञान पार्क की स्थापना होगी।
आपदा प्रभावित परिवारों का होगा पुनर्वास
बैठक में आपदा प्रभावित परिवारों के पुनर्वास को लेकर मंजूरी दी गई। पीड़ितों को सरकारी आवास और भूमि का पट्टा दिया जाएगा। बहराइच में राजस्व ग्राम परतापुर पर सहित अन्य ग्रामों में आपदा प्रभावित परिवारों को पुनर्वास के लिए भूमि की व्यवस्था करने के निर्देश सीएम में दिए थे। 29 लोग नदी पार कर रहे थे जिनमें 9 लोगों की मृत्यु हो गई थी। आपदा प्रभावित गांव का हवाई संरक्षण किया गया और परतापुर के गांव के लोगों को पुनर्वासित किया गया। मुख्यमंत्री आवास योजना (Chief Minister’s Housing Scheme) के तहत दिया गया। 136 परिवारों को जमीन का पट्टा दिया जाएगा और उनके आवास का भी पट्टा होगा और मुख्यमंत्री आवास के तहत आवास दिया जाएगा जितनी खेती की जरूरत होगी वैसे ही उनका खेती के लिए भी पट्टा दिया जाएगा।