मुंबई। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस (Maharashtra Chief Minister Devendra Fadnavis) की पत्नी अमृता फडणवीस (Amruta Fadnavis) ने विश्व पर्यावरण दिवस (World Environment Day) के अवसर पर मुंबई में आयोजित एक कार्यक्रम में हिस्सा लिया। इसके बाद खुद ऑटो रिक्शा चलाकर सभी को हैरान और प्रेरित कर दिया। मौका था भामला फाउंडेशन (Bhamla Foundation) के ‘महिला नेतृत्व हरित गतिशीलता कार्यक्रम’ (Women-Led Green Mobility Program) के तहत ‘पिंक ई-रिक्शा सहायता पहल’ (Pink E-Rickshaw Support Initiative) के भव्य लॉन्च का।
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अमृता फडणवीस ने खुद संभाली चालक की सीट
इस खास अभियान की शुरुआत के दौरान अमृता फडणवीस न केवल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुईं, बल्कि उन्होंने खुद चालक की सीट संभाली और पर्यावरण अनुकूल पिंक ई-रिक्शा को चलाकर इस मुहिम को हरी झंडी दिखाई। उनके इस अनूठे अंदाज ने कार्यक्रम में मौजूद सभी लोगों का ध्यान खींचा और सोशल मीडिया पर भी उनकी तस्वीरें व वीडियो तेजी से वायरल हो रहे हैं।
Mumbai : Amruta Fadnavis drives pink auto-rickshaw while launching women-led green mobility initiative. pic.twitter.com/mphtHWHiSl
— News Arena India (@NewsArenaIndia) June 2, 2026
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एक तीर से दो निशाने: पर्यावरण और आत्मनिर्भरता
इस शानदार पहल पर अपनी खुशी जाहिर करते हुए अमृता फडणवीस ने कहा कि आज मुझे इस कार्यक्रम में शामिल होकर बेहद खुशी हुई, जहां जरूरतमंद महिलाओं को रिक्शे बांटे गए। यह कार्यक्रम भामला फाउंडेशन द्वारा आयोजित किया गया था। इसके दो प्रमुख लाभ हैं: पहला, पर्यावरण के अनुकूल ई-रिक्शा, जिससे आपके शहर में कार्बन उत्सर्जन शून्य होता है और दूसरा, यह आत्मनिर्भरता का मार्ग प्रशस्त करता है। इसके जरिए महिलाएं स्वयं अपने जीवन में बदलाव लाती हैं।
सरकारी योजना और एनजीओ (NGO) का मिला साथ
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योजना के आर्थिक पहलुओं पर बात करते हुए अमृता फडणवीस ने बताया कि मैं यह बताना चाहूंगी कि यह एक मौजूदा सरकारी योजना है जो पहले से ही सक्रिय है। इस योजना के तहत, सरकार जरूरतमंद महिलाओं के लिए बैंकों के माध्यम से 70% लोन की सुविधा प्रदान करती है; सरकार स्वयं 20 प्रतिशत का योगदान करती है और महिलाओं को शेष 10 प्रतिशत का योगदान करना होता है। हालांकि, कई मामलों में, ये महिलाएं 10% हिस्सा भी चुकाने में असमर्थ होती हैं, जो लगभग 30,000 से 35,000 रुपये होता है। इसलिए, यह वास्तव में सराहनीय है कि गैर-सरकारी संगठनों ने आगे बढ़कर इस कमी को पूरा करने का बीड़ा उठाया है और इस वित्तीय अंतर को पाटने का काम किया है।
ग्रीन मोबिलिटी से बदलेगी मुंबई की सूरत
यह पहल विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए शुरू की गई है, बल्कि इसका मुख्य उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना और हरित ऊर्जा के जरिए रोजगार के नए अवसर पैदा करना है। इस कार्यक्रम के दौरान महिलाओं के सशक्तिकरण और प्रदूषण मुक्त यातायात पर विशेष जोर दिया गया।
अमृता फडणवीस ने इस मौके पर पिंक ई-रिक्शा पहल की सराहना करते हुए कहा कि यह कदम महिलाओं को आर्थिक रूप से स्वतंत्र बनाने के साथ-साथ मुंबई जैसे महानगर को स्वच्छ और हरा-भरा रखने में एक बड़ी भूमिका निभाएगा। भामला फाउंडेशन के इस ग्रीन मोबिलिटी प्रोग्राम की शुरुआत से आने वाले दिनों में मुंबई की सड़कों पर महिला चालकों द्वारा संचालित पर्यावरण अनुकूल पिंक ई-रिक्शा की संख्या में बड़ी बढ़ोतरी देखने को मिलेगी।