नई दिल्ली। गूगल की पैरेंट कंपनी अल्फ़ाबेट के सीईओ सुंदर पिचाई (Google boss Sundar Pichai) ने कहा कि आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस (AI) पर ‘आंख मूंद’ कर भरोसा नहीं करना चाहिए। एक विशेष इंटरव्यू में, सुंदर पिचाई ने कहा कि एआई मॉडल (AI Model) ‘ग़लतियां करने की प्रवृत्ति’ रखते हैं। इसलिए लोगों को इन्हें अन्य माध्यमों के साथ तालमेल करके इस्तेमाल करना चाहिए। पिचाई ने कहा कि ‘यह बात इस ज़रूरत को दिखाती है कि सूचना का इकोसिस्टम विविध और समृद्ध हो, ताकि लोग सिर्फ एआई (AI) तकनीक पर निर्भर न रहें।
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सुंदर पिचाई (Sundar Pichai) ने निवेश में एआई बूम को लेकर भी चेतावनी दी। उनका यह बयान ऐसे समय आया है जब सिलिकॉन वैली और अन्य जगहों पर आशंका जताई जा रही है कि कहीं ये एक बुलबुला तो नहीं बन रहा है। बता दें कि हाल के महीनों में एआई टेक कंपनियों का मूल्य तेजी से बढ़ा है और कई कंपनियां इस उभरती इंडस्ट्री पर बड़ा निवेश कर रही हैं।
इस दौरान जब सुंदर पिचाई (Sundar Pichai) से पूछा गया कि क्या एआई (AI) बुलबुले के फूटने का असर गूगल (Google) पर नहीं पड़ेगा, तो उन्होंने कहा कि कंपनी ऐसी संभावित स्थिति का सामना कर सकती है, लेकिन साथ में उन्होंने चेतावनी भी दी कि मुझे नहीं लगता कि कोई भी कंपनी इससे पूरी तरह सुरक्षित होगी, हम भी नहीं।