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इजराइल-अमेरिका का ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ : इस्फहान में बिछ गई तबाही की चादर! 2000 पाउंड के ‘बंकर बस्टर’ बमों से दहला आसमान

By santosh singh 
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इस्फहान (ईरान) : ईरान के रणनीतिक रूप से प्रमुख शहर ‘इस्फहान’ में आज सुबह-सुबह एक बड़ा सैन्य हमला हुआ है। अमेरिकी और इजरायली वायुसेना (Israeli Air Force) के संयुक्त ऑपरेशन में ईरान के एक विशाल हथियार डिपो को निशाना बनाया गया, जिससे पूरे इलाके में युद्ध जैसी स्थिति पैदा हो गई है। मौके पर मौजूद लोगों और सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के अनुसार, हमले के बाद इस्फहान का आसमान नारंगी रंग की रोशनी और आग के विशाल गोलों से भर गया। कहा जा रहा है कि इस हमले में 2,000 पाउंड (लगभग 907 किलो) के ‘बंकर बस्टर’ बमों का इस्तेमाल किया गया है। ये बम जमीन के काफी नीचे मौजूद कंक्रीट के मजबूत से मजबूत ठिकानों को भी तबाह करने की क्षमता रखते हैं।

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मुख्य हमले के बाद हथियार डिपो में मौजूद गोला-बारूद के कारण कई और जोरदार विस्फोट हुए, जिनकी गूंज कई किलोमीटर दूर तक सुनी गई। ‘ इस्फहान’ ईरान के परमाणु कार्यक्रम का मुख्य केंद्र है। हालांकि निशाना सिर्फ एक सैन्य डिपो था, लेकिन यह उन भूमिगत ठिकानों के बेहद करीब बताया जा रहा है जहाँ संवर्धित यूरेनियम रखा गया था।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (US President Donald Trump) ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘Truth Social’ पर इस हमले का एक वीडियो साझा किया है, जिसने वैश्विक स्तर पर गहमागहमी तेज कर दी है। इसे अमेरिका के ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ का हिस्सा माना जा रहा है, जिसका मकसद ईरान की परमाणु और सैन्य शक्ति को बेअसर करना है।

इस हमले के बाद मिडिल ईस्ट (Middle East) में तनाव अपने चरम सीमा पर पहुंच गया है। ऐसा मन जा रहा है कि यह हमला ईरान को सीधे तौर पर दी गई एक बहुत बड़ी चेतावनी है। अब पूरी दुनिया की नजरें ईरान की संभावित जवाबी कार्यवाही और वैश्विक तेल बाजार पर पड़ने वाले असर पर टिकी हैं।

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रिपोर्ट: सुशील कुमार साह

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