पर्दाफाश न्यूज़ ब्यूरो महराजगंज :: सोनौली कस्बे के एसएसबी रोड पर शुक्रवार की सुबह का सन्नाटा अचानक अफरा-तफरी में बदल गया, जब ‘मां वैष्णो बेकर्स एंड गिफ्ट कॉर्नर’ से उठते घने धुएं ने लोगों को चौंका दिया। कुछ ही मिनटों में आग इतनी भयावह हो गई कि दुकान के भीतर रखा लाखों रुपये का सामान पल भर में जलकर राख हो गया। सुबह करीब 7 बजे हुई इस घटना ने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया।
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प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, जैसे ही दुकान से धुआं उठता दिखाई दिया, लोग तुरंत मौके पर दौड़े, लेकिन तब तक आग विकराल रूप ले चुकी थी। किसी अनहोनी की आशंका में स्थानीय लोगों ने दुकान का ताला तोड़ा, शटर उठाया और पानी डालकर आग बुझाने की जद्दोजहद में जुट गए। तेज लपटों और धुएं के बीच उनकी हिम्मत और प्रयासों से आखिरकार आग पर काबू पा लिया गया, लेकिन तब तक सब कुछ खाक हो चुका था।
दुकान के अंदर रखे सजावटी सामान, गिफ्ट आइटम्स, अन्य कीमती वस्तुएं और सीसीटीवी कैमरे तक जलकर मलबे का ढेर बन गए। प्रारंभिक जांच में इस अग्निकांड का कारण बिजली का शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है।
दुकान के मालिक सनी गुप्ता, जो नौतनवां के छपवा गांव के निवासी हैं, रोज की तरह रात में दुकान बंद कर लौट गए थे। सुबह उठते ही उन्हें अपनी मेहनत की कमाई के खाक हो जाने की दर्दनाक खबर मिली। मौके पर पहुंचकर राख में बदले अपने सपनों को देखने के बाद उनकी पीड़ा शब्दों में बयां नहीं की जा सकती।
घटना की सूचना मिलते ही नौतनवां के विधायक ऋषि त्रिपाठी तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आर्थिक क्षति से टूट चुके दुकानदार सन्नी गुप्ता से मुलाकात की। विधायक ने उन्हें ढांढस बंधाते हुए कहा कि इस कठिन घड़ी में प्रशासन और वह स्वयं हर संभव तरीके से सहायता प्रदान करेंगे।
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एक दुकान नहीं जली, बल्कि उस परिवार की रोज़ी-रोटी, वर्षों की मेहनत और सपने राख हो गए। हालांकि स्थानीय लोगों की तत्परता और सहयोग से बड़ा हादसा टल गया, लेकिन घटना ने सभी को सोचने पर मजबूर कर दिया कि सुरक्षा उपाय कितने जरूरी हैं और ज़िंदगी कितनी अनिश्चित।
महराजगंज ब्यूरो प्रभारी विजय चौरसिया की रिपोर्ट