नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी ने नीट पेपर लीक होने के बाद परीक्षा रद्द (NEET Exam Cancelled) होने पर बुधवार को केंद्र सरकार और जांच एजेंसियों पर हमला बोला है। नीट पेपर लीक (NEET Paper Leak) को लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) ने कहा कि सबसे ज्यादा पेपर लीक उन्हीं राज्यों में हुए, जहां भाजपा की डबल इंजन सरकार है।
पढ़ें :- अरविंद केजरीवाल बोले- यूपी सरकार ने बिना FIR क़ानून की किस धारा के तहत बनाई SIT, ऊंचे लोगों को बचाने और हिंदूओं की आंखों में धूल झोंकने है का प्रयास
प्रधानमंत्री जी, देश के 140 करोड़ लोग आपसे फ़रियाद करते हैं कि रूस से तेल और गैस खरीदना शुरू कीजिए। pic.twitter.com/OaXhlqXYkt
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) May 13, 2026
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को ‘जेन जेड’ से अपील की कि वे नीट परीक्षापत्र लीक के कथित दोषियों को न्याय के कटघरे में लाना सुनियचित करें। केजरीवाल ने साथ ही कहा कि अगर बांग्लादेश और नेपाल के युवा राजनीतिक बदलाव ला सकते हैं, तो भारतीय छात्र भी जवाबदेही तय करने के लिए दबाव डाल सकते हैं।
पढ़ें :- अरविंद केजरीवाल, बोले- अगर चंपत राय ने मुंह खोला, तो कई बड़े चेहरे होंगे बेनकाब, उसे अब तक क्यों नहीं हटाया गया?
जागो Gen-Z जागो। उठो और लड़ो।
इस वीडियो को ज़्यादा से ज़्यादा लोगों से शेयर करें और इस पर चर्चा करें। pic.twitter.com/7aHVCJWpHX
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) May 13, 2026
केजरीवाल ने एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि परीक्षा पत्र बार-बार लीक होने की घटनाओं ने उम्मीदवारों का आत्मविश्वास हिला कर रख दिया है। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि क्या केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा अतीत में की गई जांचों के परिणामस्वरूप दोषियों को कड़ी सजा मिली है ?
पढ़ें :- राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में बड़े-बड़े लोग शामिल, कार्रवाई हुई तो गिर सकती है सरकार...अरविंद केजरीवाल का बड़ा दावा
हम रूस से तेल क्यों नहीं ख़रीद रहे? अगर पेपर लीक रोकना है तो हमारी Gen Z को आंदोलन करना होगा। दोनों महत्वपूर्ण मुद्दों पर प्रेस कॉन्फ़्रेंस | LIVE https://t.co/4HOlCjuiry
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) May 13, 2026
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री केजरीवाल ने कहा, ‘अगर बांग्लादेश और नेपाल जैसे देशों में जेन जेड सरकारें बदल सकती है, तो भारतीय युवा भी पेपर लीक के मामलों में जवाबदेही सुनिश्चित कर सकते हैं।’ ‘जेन जेड’ उस पीढ़ी को कहा जाता है जो 1997 से 2012 के बीच पैदा हुई है। यह वह युवा वर्ग है जो तकनीक, इंटरनेट और सोशल मीडिया के साथ बड़ा हुआ है। इन्हें डिजिटल नेटिव्स भी कहा जाता है क्योंकि इनका जीवन स्मार्टफोन, इंटरनेट और सोशल मीडिया से जुड़ा माना गया है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि नीट परीक्षापत्र लीक मामले में सीबीआई की जांच का कोई निष्कर्ष नहीं निकलेगा, पिछले परीक्षापत्र लीक मामले में भी वह कुछ नहीं कर सकी थी। केजरीवाल ने 2014 से अब तक परीक्षा पत्र लीक होने की घटनाओं का हवाला देते हुए कहा कि इसने करोड़ों छात्रों के भविष्य को प्रभावित किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा शासित राज्यों में ऐसी कई घटनाएं हुई हैं।