Tamil Nadu : तमिलनाडु के मुख्यमंत्री जोसेफ विजय ने पूर्ववर्ती सरकार की लोकप्रिय ब्रेकफास्ट योजना को जारी रखने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री विजय ने हाल ही में ‘पेरुंथलैवर कामराज ब्रेकफास्ट स्कीम’ के विस्तार के दौरान स्कूली बच्चों के साथ ज़मीन पर बैठकर खाना खाया, जिससे वे चर्चा में आ गए। गांधी गरहम के चेन्नई मिडिल स्कूल में हुए इस कार्यक्रम में इस न्यूट्रिशन प्रोग्राम (Nutrition Program) का विस्तार किया गया, ताकि राज्य के सरकारी और सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों में कक्षा 6 से 8 तक के छात्रों को भी इसमें शामिल किया जा सके।
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इस दौरे के दौरान, मुख्यमंत्री ने छात्रों को खुद नाश्ता परोसा और फिर उनके बीच बैठकर खाना खाया; खाने में पोंगल और सांभर जैसे व्यंजन शामिल थे। इस दौरान की तस्वीरें और वीडियो खूब वायरल हुए, जिनमें मुख्यमंत्री को क्लासरूम में बच्चों से सीधे बातचीत करते हुए देखा गया। इससे राज्य की शिक्षा और कल्याणकारी योजनाओं को लेकर उनके सीधे जुड़ाव और सक्रिय रवैये का पता चलता है।
विजय सरकार ने इस बहुचर्चित योजना का नाम बदलकर पेरुंथलैवर कामराजर ब्रेकफास्ट स्कीम कर दिया है। कांग्रेस के दिग्गज नेता और राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री के. कामराज को तमिलनाडु में शिक्षा और बच्चों के पोषण की नींव रखने वाला नेता माना जाता है। उन्होंने अपने दौर में स्कूल मील कार्यक्रम शुरू करके गरीब बच्चों को पढ़ाई की तरफ खींचा था। ऐसे में विजय का यह कदम कामराज की विरासत को सम्मान देने के साथ ही एक गहरा सियासी दांव भी माना जा रहा है। विजय ने यह जताने की कोशिश की है कि बच्चों को खाना खिलाने का विचार किसी एक दल का नहीं, बल्कि राज्य के महान नेताओं की देन है।