नई दिल्ली। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने तीन मई को हुई NEET परीक्षा लीक होने के बाद उसे रद्द कर दिया। इसको लेकर अब पूरे देश में सियासी बवाल मचा हुआ है। विपक्ष के नेताओं की ओर से लगातार इस मुद्दे को उठाया जा रहा है। आज कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने एक बार फिर इस मुद्दे को उठाते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की है।
पढ़ें :- BJP दूसरी पार्टियों से नेताओं को खरीदने में व्यस्त, लेकिन आम आदमी बुनियादी जरूरतें भी पूरी नहीं कर पा रहा : कांग्रेस चीफ खड़गे
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा, NEET के 22 लाख बच्चों के साथ धोखा हुआ है। पर मोदी जी एक शब्द भी नहीं बोल रहे। धर्मेंद्र प्रधान जी को अभी हटाइए, या जवाबदेही ख़ुद लीजिए। इसके साथ ही उन्होंने एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें वो कह रहे हैं कि, नीट में दो साल तक 22 लाख छात्रों ने तैयारी की लेकिन उनकी मेहनत बर्बाद हो गयी। पूर देश जानता है ये पेपर से दो दिन पहले WhatsApp पर NEET का पेपर बांटा जा रहा था। केंद्रीय शिक्षा मंत्री कहते हैं कि, मेरा कुछ लेना देना नहीं है।
NEET के 22 लाख बच्चों के साथ धोखा हुआ है। पर मोदी जी एक शब्द भी नहीं बोल रहे।
धर्मेंद्र प्रधान जी को अभी हटाइए, या जवाबदेही ख़ुद लीजिए।
Modi ji, SACK Dharmendra Pradhan ji NOW. pic.twitter.com/6FRMMa8AI8
पढ़ें :- राहल गांधी, बोले-सस्ती शिक्षा, निष्पक्ष परीक्षा व सम्मानजनक रोज़गार की लड़ाई को ताक़त देगा ‘छात्रों की गूंज’ अभियान, जुड़ने की अपील
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) May 16, 2026
कांग्रेस नेता ने कहा कि, वर्तमान सरकार ने देश के सभी प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों और परीक्षा कराने वाली एजेंसियों पर अपनी विचारधारा वाले लोगों को काबिज कर दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि मेरिट और योग्यता को पूरी तरह दरकिनार कर दिया गया है। जब सिर्फ निष्ठा के आधार पर नियुक्तियां की जाती हैं, तो पूरा सिस्टम खोखला हो जाता है। एनटीए जैसी प्रतिष्ठित संस्थाओं का फेल होना इसी मिलीभगत का परिणाम है। इसी वजह से आज 22 लाख से अधिक होनहार युवाओं के सपनों को चकनाचूर होना पड़ा है।