Layoff News GCCs : देश के ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स (GCCs) में छंटनी का असर देखने को मिल रहा है। GCCs भारत ग्लोबल ऑटोमोटिव आरएंडडी और सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट के प्रमुख हब के रूप में उभरा है। हालांकि अब AUMOVIO ने भारत में आरएंडडी से जुड़े 1 हजार एंप्लॉयीज के छंटनी की योजना का खुलासा कर Multinational GCC में बढ़ती लागत और प्रोडक्टिविटी को लेकर सवाल खड़े कर दिए, वह भी ऐसे समय में जब कंपनियां सॉफ्टवेयर से जुड़ी मोबिलीट और Advanced Automotive Tech पर दांव जारी रखी हैं।
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कंपनी ने कहा कि इस बदलाव का उद्देश्य अनुसंधान एवं विकास पर अपना ध्यान केंद्रित करना, सॉफ्टवेयर-आधारित वाहनों को प्राथमिकता देना, तकनीकी साझेदारियों को मजबूत करना और अपनी सभी इंजीनियरिंग इकाइयों में दक्षता बढ़ाना है। इस प्रक्रिया से परिचित लोगों ने पहले संकेत दिया था कि भारत की अनुसंधान एवं विकास टीमें भी महत्वपूर्ण कटौती का सामना कर रही हैं।
यह प्रतिक्रिया तब आई जब सूत्रों ने संकेत दिया कि व्यापक पुनर्गठन के तहत भारत स्थित अनुसंधान एवं विकास टीमों को काफी नुकसान होने की संभावना है।
AUMOVIO के देश में करीब 6 हजार एंप्लॉयीज हैं तो करीब 1 हजार की छंटनी का मतलब करीब 16-17% एंप्लॉयीज की छुट्टी होने वाली है। दुनिया भर में कंपनी की नई स्ट्रैटेजी का असर भारत, सिंगापुर, रोमानिया, सर्बिया, जर्मनी और मेक्सिको के करीब 4 हजार एंप्लॉयीज पर पड़ेगा।
ऑटोमेटिक आपूर्तिकर्ता कॉन्टिनेंटल का पूर्व हिस्सा रही AUMOVIO, जो टायरों, ब्रेकिंग सिस्टम, इलेक्ट्रॉनिक्स और सहायता प्रौद्योगिकियों के लिए विश्व स्तर पर जानी जाती है, अब सेंसर, कम्फर्ट सिस्टम और एआई-संचालित एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम बनाती है जिसका उद्देश्य ड्राइवर सुरक्षा में सुधार करना है।
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AUMOVIO की योजना 2027 तक अपने अनुसंधान एवं विकास व्यय को बिक्री के 10 प्रतिशत से कम करने की है, जो 2025 की तीसरी तिमाही में 11.9 प्रतिशत था।