लखनऊ। नई दिल्ली के जंतर-मंतर (Jantar Mantar) पर आयोजित राजनीतिक कार्यक्रम के दौरान आज हुई घटनाओं के संबंध में आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर (Amitabh Thakur) ने भारत सरकार के गृह सचिव को पत्र भेजकर सेवानिवृत्त उच्च न्यायालय के न्यायाधीश की अध्यक्षता में स्वतंत्र न्यायिक जांच (Independent Judicial Inquiry) कराए जाने की मांग की है।
पढ़ें :- Shri Krishna Janmashtami 2026 : सीएम ने लिखी पाती, योगी, बोले-श्रीकृष्ण के सत्य, धर्म, कर्म और लोकमंगल के संदेश को जीवन में उतारें
उन्होंने कहा कि इस घटना को लेकर प्रदर्शनकारियों तथा पुलिस, दोनों पक्षों की ओर से भिन्न-भिन्न दावे किए जा रहे हैं। ऐसी स्थिति में राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के स्थान पर निष्पक्ष, स्वतंत्र एवं पारदर्शी जांच ही सत्य को सामने ला सकती है तथा लोकतांत्रिक संस्थाओं में जनता का विश्वास सुदृढ़ कर सकती है।
आजाद अधिकार सेना सोनम वांगचुक व जंतर मंतर प्रकरण अपने संपूर्ण घटनाक्रम की रिटायर्ड हाई कोर्ट जज से न्यायिक जांच तथा प्रदर्शनों के संबंध में राष्ट्रीय प्रोटोकॉल बनाए जाने की मांग करती है @PMOIndia @HMOIndia @DelhiPolice #sonamWangchuk #DelhiPolice #जंतरमंतर#jantarmantar pic.twitter.com/dBp7EUKbsb
— Amitabhthakur (@amitabhthakur) July 18, 2026
पढ़ें :- UP Janta Darshan : सीएम योगी बोले- धन की कमी के कारण नहीं रुकेगा किसी का इलाज, बहन के लोहिया एडमिट होते ही भाई की आंखों में आए आंसू
उन्होंने अपने पत्र में जांच पूरी होने तक सभी सीसीटीवी फुटेज, पुलिस वीडियो, बॉडी-कैमरा रिकॉर्डिंग तथा अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों को सुरक्षित रखे जाने की बात कही है। अमिताभ ठाकुर (Amitabh Thakur) ने भारत सरकार से देशभर में सभी सरकारों तथा सभी राजनीतिक दलों पर समान रूप से लागू होने वाला “लोकतांत्रिक प्रदर्शनों हेतु राष्ट्रीय प्रोटोकॉल” तैयार किये जाने का अनुरोध किया है।
इस प्रोटोकॉल में शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों के अधिकार व कर्तव्य, पुलिस व अन्य कानून-प्रवर्तन एजेंसियों के अधिकार, दायित्व एवं सीमाएं, बल प्रयोग एवं निरोध की स्पष्ट प्रक्रिया, महत्वपूर्ण पुलिस कार्रवाई की अनिवार्य ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग तथा पुलिस ज्यादती अथवा अन्य अनियमितता के आरोपों की स्वतंत्र समीक्षा की व्यवस्था की बात कही गयी है।