बच्चों के लिए तेल की मालिश बहुत जरुरी होती है। बच्चे को आराम दिलाने और मांसपेशियों एवं हड्डियों को ताकत देने के लिए मालिश की जाती है।शिशु की मालिश करने से कब्ज और पाचन मार्ग में फंसी गैस बाहर निकलती है। तेल मालिश पाचन को बढ़ावा देती है और कोलिक एवं गैस से राहत पाने में मदद करती है।
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आमतौर पर लोग बच्चों को बेबी ऑयल, बादाम का तेल, जैतुन का तेल या अन्य तेलों के मालिश की जाती है। आज हम आपको हींग और सरसों के तेल में मालिश से फायदों के बारे में बताने जा रहे हैं।
हींगमें एंटी बैक्टीरियल, एंटी फंगल और एंटी इंफ्लेमेटरी गुण पाये जाते है जो हेल्थ से संबंधित तमाम दिक्कतों से छुटकारा दिलाने में मदद करता है। हींग और सरसों के तेल से बच्चों की मालिश करने से पेट में दर्द और गैस में आराम मिलता है।
सरसों के तेल को गर्म करके इसमें चुटकीभर हींग डालकर नाभि के चारो ओर लगाएं। इससे बच्चों को होने वाले पेट में दर्द और गैस से छुटकारा मिलता है।
इतना ही नहीं हींग और सरसों के तेल से मालिश करने से सर्दी जुकाम को दूर किया जा सकता है। इस तेल से बच्चों के सीने पर मालिश करने से बलगम और सांस लेने में आराम होती है। साथ ही पाचन बेहतर होता है। बच्चों को हींग के तेल से मालिश करना हानिकारक हो सकता है अगर इसका जरुरत से ज्यादा इस्तेमाल किया जाय। ध्यान रहें हींग चुटकीभर ही इस्तेमाल करना चाहिए। ये भी ध्यान दें कि बच्चों को इससे या सरसों के तेल से एलर्जी न हो।