Wayanad Landslide Tragedy: केरल के वायनाड जिले में भारी बारिश के कारण हुए भयानक भूस्खलन में अब तक 150 लोग जान गंवा चुके हैं, जबकि 197 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं। कई अभी भी फंसे हुए हैं, जिन्हें बचाने के लिए रेसक्यू ऑपरेशन जारी है। वहीं, अधिकारियों ने भारी त्रासदी के बाद लापता लोगों की संख्या निर्धारित करने के लिए डेटा एकत्र करना शुरू कर दिया।
पढ़ें :- अब तक भाजपा राजनीति का अपराधीकरण कर रही थी अब ‘अधिकारीकरण’ कर रही है : अखिलेश यादव
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, कई परिवारों के सदस्यों ने बताया है कि उनके प्रियजनों का कोई पता नहीं चल पाया है। इस हादसे के बाद 98 लोग अभी लापता बताए जा रहे हैं। वहीं, त्रासदी के बाद वायनाड में 45 राहत शिविर स्थापित किए गए हैं, जिनमें 3,069 लोग रह रहे हैं। इस बीच, विभिन्न बचाव एजेंसियों ने त्रासदी में फंसे होने की आशंका वाले लोगों का पता लगाने के लिए सुबह-सुबह अपना अभियान फिर से शुरू कर दिया, जिसमें कम से कम 150 लोगों की मौत हो गई और 197 घायल हो गए।
केरल राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने बताया है कि अग्निशमन और बचाव दल, नागरिक सुरक्षा, एनडीआरएफ और स्थानीय आपातकालीन प्रतिक्रिया टीमें रेसक्यू ऑपरेशन में लगी हुई हैं। डीएससी सेंटर कन्नूर से लगभग 200 सेना के जवान और कोझिकोड से 122 TA बटालियन भी मौके पर मौजूद हैं। इसके साथ ही, दो वायु सेना के हेलीकॉप्टर, एक Mi-17 और एक ALH, भी रेसक्यू ऑपरेशन में समन्वय कर रहे हैं।
वायनाड के अलग-अलग अस्पतालों में 197 से ज्यादा घायलों का इलाज चल रहा है। केरल के स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज के अनुसार, 116 शवों का पोस्टमॉर्टम पूरा हो चुका है। इसी बीच भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने वायनाड और पड़ोसी जिलों में 31 जुलाई और 1 अगस्त को भारी से बहुत भारी बारिश की आशंका जताई है। जिससे रेसक्यू ऑपरेशन में परेशानी आ सकती है।