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नरेंद्र मोदी भारत के इतिहास के सबसे युवा-विरोधी पीएम हैं, जो एक नाकाम शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का नहीं ले सकते इस्तीफा: राहुल गांधी

By santosh singh 
Updated Date

नई दिल्ली। लोकसभा में नेता विपक्ष और कांग्रेस नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने PM नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) को देश के इतिहास का सबसे युवा-विरोधी प्रधानमंत्री करार दिया है और कहा है कि वह एक नाकाम शिक्षा मंत्री का इस्तीफा तक नहीं ले सकते हैं। संसद के दोनों सदनों में हंगामे और कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की अगुवाई में युवाओं के संसद मार्च के बीच राहुल गांधी (Rahul Gandhi)  ने केंद्र सरकार पर हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि उनकी सरकार में 152 पेपर लीक के मामले हुए। इससे 7.5 करोड़ छात्र पीड़ित हुए लेकिन सज़ा एक दोषी को भी नहीं मिल सकी।

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उन्होंने सोशल मीडिया एक्स पर एक वीडियो पोस्ट करते हुए लिखा, कि प्रधानमंत्री मोदी भारत के इतिहास के सबसे युवा-विरोधी प्रधानमंत्री हैं, इतने युवा विरोधी कि एक नाकाम शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान (Education Minister Dharmendra Pradhan) का इस्तीफा भी नहीं ले सकते। 152 पेपर लीक। 7.5 करोड़ छात्र पीड़ित। और सज़ा एक दोषी को भी नहीं। सजा किसे मिली? मेहनती युवाओं को। और जब इन बच्चों ने शिक्षा के जायज़ सवाल उठाए – तो जवाब में मिली लाठी और हिरासत। लीक करने वाले अपराधी आज़ाद – और वाजिब मुद्दे उठाने वाले छात्र घसीटे जाते हैं, पीटे जाते हैं। यह सरकार सिर्फ़ युवाओं को नाकाम नहीं कर रही – उनपर टूट पड़ी है।

युवाओं की मांगें स्वीकार करनी चाहिए

राहुल गांधी (Rahul Gandhi)  ने वीडियो में दावा किया कि यह सरकार युवाओं को सिर्फ़ नाकाम नहीं कर रही -उन पर टूट पड़ी है। उन्होंने कहा कि दिल्ली में विरोध प्रदर्शन करने वाले लड़के-लड़की अपराधी नहीं हैं और उनकी मांगें जायज हैं। कांग्रेस नेता ने कहा कि पुलिस ने जो किया है वह पूरी तरह निंदनीय है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को युवाओं की मांगें स्वीकार करनी चाहिए।

हजारों युवाओं ने संसद मार्च किया

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बता दें कि कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की अगुवाई में सोमवार को हजारों युवाओं ने संसद मार्च किया। इस दौरान उनकी पुलिस से भिड़ंत हुई। आरोप है कि पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग किया और उन्हें मारा पीटा। इस बीच, खबर है कि दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP)  द्वारा आयोजित ‘चलो संसद’ मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों के साथ हुई झड़प के दौरान 50 से अधिक पुलिसकर्मी भी घायल हो गए हैं। दिल्ली पुलिस सूत्रों ने यह जानकारी दी है। घायल कर्मियों को इलाज के लिए अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जबकि पुलिस ने हिंसा के बाद स्थिति को नियंत्रण में कर लिया।

संसद मार्ग के पास लाठीचार्ज

सूत्रों ने बताया कि नई दिल्ली जिले में प्रमुख स्थानों पर सुरक्षा और कड़ी कर दी गई तथा झड़प में शामिल लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की गई। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP)  के हजारों प्रदर्शनकारियों द्वारा सोमवार को संसद की ओर मार्च करते समय कथित तौर पर बैरिकेड तोड़ने की कोशिश किए जाने के बाद सुरक्षाबलों ने संसद मार्ग के पास लाठीचार्ज किया था।

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