Bihar Politics : पिछले कुछ सालों में आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव के राजनैतिक उत्तराधिकारी के तौर पर तेजस्वी यादव ने पार्टी में भरोसा हासिल किया है। वह इस समय विधानसभा में विपक्ष के नेता की भूमिका निभा रहे हैं। अब खबर है कि आरजेडी की कमान पूरी तरह तेजस्वी यादव के हाथों में आने वाली है। उन्हें जल्द ही पार्टी का कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित किया जा सकता है।
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मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 25 जनवरी को पार्टी कार्यसमिति की बैठक पटना में बुलाई गई है। इस बैठक में बड़े फैसले लिए जाने की संभावना है। जिसमें एक फैसला नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव को पार्टी का कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोनित किए जाने का हो सकता है। लालू प्रसाद यादव अभी राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं, लेकिन उनकी तबीयत खराब रहती है। ऐसे में पार्टी की सभी जिम्मेदारी अब तेजस्वी के हाथों में आने वाली है। कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद उनके अधिकार और बढ़ जाएंगे।
आरजेडी में यह बड़ा बदलाव ऐसे वक्त में होने जा रहा है जब लालू परिवार में उत्तराधिकारी बनने को लेकर होड़ मची है। दावा किया जाता है कि लालू के बड़े बेटे और जेजेडी प्रमुख तेज प्रताप यादव ने खुद को अपने पिता का उत्तराधिकारी साबित करने की कोशिश कर रहे हैं। इसका एक उदाहरण मकर संक्रांति पर दही-चूड़ा भोज था। दूसरी तरफ, लालू की बेटी रोहिणी आचार्य बिना नाम लिए तेजस्वी पर निशाना साध रही हैं।
बता दें कि चारा घोटाला में सजा सुनाए जाने के बाद लालू की जगह आरजेडी की पूरी जिम्मेदारी तेजस्वी ही संभाल रहे हैं। लोकसभा चुनाव 2024 से पहले ही लालू ने अपने छोटे बेटे को नीति निर्धारण से लेकर टिकट के बांटने तक की सभी जिम्मेदारी सौंप दी थी। विधानसभा चुनाव में हार के बाद तेजस्वी एक के बाद एक बैठक कर रही हैं। अब 25 जनवरी की बैठक पर सबकी निगाहें टिकी हैं।