Inflation Blow : अमेरिका और ईरान की जंग का असर आपके किचन तक पहुंच चुकी है। LPG सिलेंडर के दाम , पेट्रोल-डीजल के रेट बढ़ने के बाद अमूल (Amul) और मदर डेयरी (Mother Dairy) ने दूध के दाम में 2 रुपये की बढ़ोतरी कर दी। अब इस महंगाई का बोझ और बढ़ गया है, क्योंकि आपके नाश्ते का साथी ब्रेक भी आज से महंगा हो गया। 19 मई से ब्रेड की कीमत में सीधे-सीधे 5 रुपये की बढ़ोतरी कर दी गई है। अभी लोग संभल भी नहीं पाए थे कि अब सुबह के नाश्ते का सबसे जरूरी हिस्सा यानी ब्रेड भी महंगी हो गई है। देश की आर्थिक राजधानी मुंबई समेत कई बड़े शहरों में ब्रेड के पैकेट पर 5 रुपये तक की भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। ‘मॉडर्न ब्रेड’ ने 16 मई से ही अपनी नई कीमतें लागू कर दी हैं, जो हाल के वर्षों में सबसे बड़ा उछाल है। बाजार के जानकारों का कहना है कि ब्रिटानिया (Britannia) और विब्स (Wibs) जैसे अन्य बड़े ब्रांड्स भी जल्द ही अपनी कीमतों में बढ़ोतरी का ऐलान कर सकते हैं।
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ब्रेड कितना महंगा हो गया ?
अब 400 ग्राम वाले सैंडविच ब्रेड की कीमत 55 रुपये के बढ़कर 60 रुपये पर पहुंच गई।
आटा ब्रेड 60 रुपये से बढ़कर 65 रुपये का हो गया है।
ब्राउन ब्रेड की कीमत 45 से 50 रुपये हो गई।
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छोटी ब्रेड 20 रुपये से बढ़कर 22 रुपये पर पहुंच गई है।
क्यों महंगा हुआ ब्रेड ?
भारत ब्रेड का बड़ा आयातक देश नहीं है। इंडोनेशिया, मलेशिया, बांग्लादेश जैसे देशों से कुछ मात्रा में ब्रेड आयात होते हैं, लेकिन पैकिंग की दिक्कत की वजह से ब्रेड के दाम में बढ़ोतरी कर दी गई है। ईरान युद्ध की वजह से प्लास्टिक का आयात महंगा हो गया है. भारत बड़ी मात्रा में प्लास्टिक का आयात करता है। इन प्लास्टिक का इस्तेमाल ब्रेड की पैकिंग में होता है। वहीं भारतीय करेंसी के कमजोर होने से आयात महंगा हो गया है। पेट्रोल-डीजल-CNG के दाम बढ़ गए हैं, जिससे ट्रांसपोर्टेशन कॉस्टिंग बढ़ रही है। ऐसे में बेकरी और कंपनियों ने ब्रेड के दाम में बढ़ोतरी कर दी है।