1. हिन्दी समाचार
  2. देश
  3. PM Modi Shankaracharya Hill : PM मोदी ने कश्मीर यात्रा के दौरान शंकराचार्य की पहाड़ी को देखकर जोड़े हाथ , श्रद्धा अर्पित की

PM Modi Shankaracharya Hill : PM मोदी ने कश्मीर यात्रा के दौरान शंकराचार्य की पहाड़ी को देखकर जोड़े हाथ , श्रद्धा अर्पित की

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रकृति प्रेम जग जाहिर है। पीएम की  सनातन धर्म में अस्था दुनिया को प्रेरित करती है।

By अनूप कुमार 
Updated Date

PM Modi Shankaracharya Hill : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रकृति प्रेम जग जाहिर है। पीएम की  सनातन धर्म में अस्था दुनिया को प्रेरित करती है।  प्रधानमंत्री मोदी की शिवभक्ति को लोग अक्सर देखते है। इसकी ताजा मिसाल आज उस वक्त मिली, जब उन्होंने अपने व्यस्त जम्मू-कश्मीर दौरे से समय निकालते हुए श्रीनगर (Srinagar) में शंकराचार्य पर्वत के दर्शन किए। प्रधानमंत्री मोदी ने गुरुवार को अपनी कश्मीर यात्रा के दौरान शंकराचार्य पहाड़ी और उसके ऊपर बने मंदिर में अपनी श्रद्धा अर्पित की।

पढ़ें :- ED Big Action : आजम खान की जौहर यूनिवर्सिटी की 426.46 करोड़ की ईडी ने अटैच की संपत्ति, बाजार मूल्य 1170 करोड़ रुपये

पीएम मोदी ने गुरुवार को हिंदू मंदिर के प्रति समर्पण की मुद्रा में अपनी तस्वीरें साझा कीं। उन्होंने तस्वीरों को कैप्शन देते हुए लिखा, “थोड़ी देर पहले श्रीनगर पहुंचने पर, राजसी शंकराचार्य हिल को दूर से देखने का अवसर मिला।”

कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटने के बाद आज पीएम मोदी पहली बार कश्मीर पहुंचे। बख्शी स्टेडियम में उन्होंने अपनी सरकार के अनुच्छेद 370 और 35 A हटाने के फैसले के फायदे गिनाते हुए वहां के कुछ सियासी परिवारों पर तीखा हमला बोला। इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज श्रीनगर पहुंचते ही शंकराचार्य पर्वत के दर्शन किए।
पीएम मोदी ने श्रीनगर में एक प्रदर्शनी में स्थानीय उद्यमियों और शिल्पकारों से भी मुलाकात की, जिसमें जम्मू-कश्मीर के स्थानीय उत्पादों का प्रदर्शन किया गया

शंकराचार्य पर्वत, भारत के जम्मू और कश्मीर के श्रीनगर में स्थित एक प्रमुख पहाड़ी है। इस पहाड़ी का नाम आदि शंकराचार्य के नाम पर रखा गया है। माना जाता है कि शंकराचार्य  शिव के अवतार थे। उनका मंदिर कश्मीर स्थित सबसे पुराने मंदिरों में से एक है। इस मंदिर का निर्माण राजा गोपादात्य ने 371 ई. पूर्व में करवाया था। डोगरा शासक महाराजा गुलाब सिंह ने मंदिर तक पहुंचने के लिए सीढ़ियां बनवाई थीं। इस मंदिर की वास्तुकला भी काफी सुंदर है। भगवान शिव का यह मंदिर करीब दो सौ साल पुराना है। उनका साधना स्थल आज भी यहां बना हुआ है।

 

पढ़ें :- अखिलेश यादव, बोले-यूपी एमएलसी चुनाव में भाजपा हो गई ऑल आउट, लखनऊ वाले दिल्ली वालों का नहीं उठा रहे हैं फ़ोन

Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...