लखनऊ। उत्तर प्रदेश में सट्टेबाजों का नेटवर्क लगातार बढ़ते जा रहा है। पर्दाफाश की टीम सट्टेबाजों का लगातार खुलासा कर रही है। अब पर्दाफाश के हाथ में कई सट्टेबाजों के नाम और उनकी काली करतूत लगी है। इनकी काली करतूत का एक एक कर खुलासा किया जाएगा।
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सबसे पहले आगरा के सट्टा किंग कहे जाने वाले नाम आपको बता रहे हैं। इसमें ओपी चैन (शोभिक गोयल) से लेकर गणपति बिल्डर्स के मालिक अनिल और अखिल, अरविंद शर्मा/अजय अभागड सट्टे के किंग हैं।
इनका सट्टा पांच से सात स्टेट में चलता है और पिछले 15 साल से ये वहां के सभी पुलिस और प्रशासन को खरीद लेते हैं। ऐसे इन सट्टेबाजों पर आखिर कब शिकंजा कसेगा? वहीं, मुरादाबाद में इनके सहयोगी कमलदीप टंडन, सचिन अग्रवाल उर्फ मोनू, बॉबी सुनेह और बहुत सारे लोग प्रशासन और राजनीतिक संरक्षण में सट्टे का काम कर रहे हैं।
अगर सूत्रों की माने जाए तो प्रति सप्ताह तीन करोड़ रुपया इस सिस्टम को बनाए रखने के लिए राजनीतिक और प्रशासिनक लोगों को बांटते हैं। सट्टेबाजी की जाल में फंसाकर इन्होंने हजारों परिवारों के घर/मकान और दुकान तक छीन लिया है। इसके साथ ही इनकी कहीं सुनवाई भी नहीं हो रही है। ऐसे में अब इन लोगों को उम्मीद है कि, न्याय मोदी और योगी ही करेंगे। वहीं, अगर इनकी जांच कराई जाए तो सामने आयेगा कि पिछले 7 साल तक 500 रुपये कमाने वाले आज 10 लाख रुपये प्रतिदिन कैसे कमा रहे हैं? इस पर शासन और प्रशासन आखिर कार्रवाई क्यों नहीं कर रहे?