Tibetan religious leader dies : तिब्बत के धार्मिक नेता तुलकू हंगकर दोरजे की मौत पर चीन सरकार के अफसरों की कारगुजारियों की जमकर लानत मलानत हो रही है। उनके निधन की पुष्टि केंद्रीय तिब्बत प्रशासन ने की, जिसने बताया कि चीनी अधिकारियों ने तिब्बत के गेड काउंटी, गोलोग में लुंगनगोन मठ के वरिष्ठ लोगों को 2 अप्रैल को उनकी मृत्यु की जानकारी दी। हालांकि, चीनी अधिकारियों ने उनकी मौत के बारे में विवरण का खुलासा नहीं किया है और न ही उनका शव लौटाया है।
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रिपोर्ट के मुताबिक लुंगनगोन मठ के तुलकू हंगकर दोरजे पर चीन की सरकार लगातार निशाना साध रही थी। ऐसा इसलिए क्योंकि उन्होंने क्षेत्र में चीन द्वारा नियुक्त पंचेन लामा की यात्रा के दौरान उनके भव्य स्वागत समारोह की मेजबानी करने से इनकार कर दिया था।
चीनी अधिकारियों के खिलाफ़ इस अवज्ञा के कारण उनके खिलाफ़ मनगढ़ंत आरोप लगाए गए, जिसमें मठों और स्कूलों की स्थापना के उनके मानवीय प्रयासों के परिणामस्वरूप “उच्च अधिकारियों की अवज्ञा” के आरोप शामिल थे। इसके अतिरिक्त, उन पर चीनी शासन के तहत रहने वाले उत्पीड़ित तिब्बतियों के अधिकारों और स्वतंत्रता की वकालत करने के लिए “अशांति पैदा करने” का आरोप लगाया गया था।