राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने गुरुवार को छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में शदाणी दरबार की पीठाधीश पूज्य माता साहिब हासी देवी के सम्मान में 200 रुपये का स्मारक सिक्का जारी किया। यह सिक्का उनकी 200वीं जयंती के अवसर पर जारी किया गया है...
रायपुर: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने गुरुवार को छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में शदाणी दरबार की पीठाधीश पूज्य माता साहिब हासी देवी के सम्मान में 200 रुपये का स्मारक सिक्का जारी किया। यह सिक्का उनकी 200वीं जयंती के अवसर पर जारी किया गया है। सिक्के पर एक तरफ अशोक स्तंभ और दूसरी तरफ माता हासी देवी की तस्वीर अंकित है।
चार धातुओं से बना है सिक्का, वजन 35 ग्राम
इस स्मारक सिक्के की खासियत इसका डिजाइन और धातुओं का मिश्रण है। भारत सरकार की अधिसूचना के मुताबिक 35 ग्राम वजन वाले इस सिक्के में 50 प्रतिशत चांदी, 40 प्रतिशत तांबा, 5 प्रतिशत निकल और 5 प्रतिशत जस्ता शामिल है। सिक्के का व्यास 44 मिलीमीटर रखा गया है। इसके एक हिस्से पर अशोक स्तंभ के साथ 200 रुपये का मूल्य अंकित है, जबकि दूसरे हिस्से पर माता साहिब हासी देवी की तस्वीर और उनकी 200वीं जयंती से जुड़ा विवरण दिया गया है।

लोक भवन में आयोजित हुआ कार्यक्रम
सिक्का जारी करने का कार्यक्रम रायपुर स्थित लोक भवन में आयोजित किया गया। इस मौके पर सिंधी समाज के सदस्य भी पहुंचे। माता हासी देवी शदाणी दरबार की पांचवीं पीठाधीश थीं। उनके सम्मान में स्मारक सिक्का जारी किए जाने को सिंधी समाज की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान देने की पहल के तौर पर देखा जा रहा है।
रायपुर एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री साय ने किया स्वागत
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 22 और 23 अक्टूबर को छत्तीसगढ़ के दो दिवसीय दौरे पर हैं। रायपुर पहुंचने पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय सहित राज्य के नेताओं ने उनका स्वागत किया। गुरुवार शाम राष्ट्रपति नुआखाई पर्व के अवसर पर आयोजित ‘सेवा सम्मान पर्व’ और ‘युवा प्रबोधन’ कार्यक्रम में शामिल होंगी।
शुक्रवार को जगदलपुर में मुरिया दरबार में होंगी शामिल
राष्ट्रपति के दौरे के दूसरे दिन, 23 अक्टूबर को उनका जगदलपुर जाने का कार्यक्रम है। वहां वह बस्तर दशहरा के अवसर पर आयोजित मुरिया दरबार और सार्वजनिक कार्यक्रम में शामिल होंगी। मुरिया दरबार बस्तर की पारंपरिक जनजातीय व्यवस्था से जुड़ा महत्वपूर्ण आयोजन है, जहां समुदाय के प्रतिनिधि अपनी बात रखते हैं।