उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में नजर आया रमजान का चांद। मंगलवार 12 मार्च को देशभर में पहला रोजा रखा जाएगा। मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने यह ऐलान किया है। मुस्लिम तराबी की नमाज आज से अदा करेंगे।
पढ़ें :- अभिषेक बनर्जी के घर रात 3 बजे पहुंची पुलिस! जबरन ताला तोड़कर आवास में घुसने का आरोप
लखनऊ- लखनऊ में रमजान का चांद नजर आया,पवित्र माह रमजान का चांद आया नजर,देशभर में 12 मार्च को रमजान का पहला रोजा,कल मंगलवार से होगा देश भर में पहला रोजा,रमजान के चांद की पुष्टि का हुआ एलान,मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने किया ऐलान,मुसलमान तराबी की नमाज आज से करेंगे अदा.#Lucknow pic.twitter.com/sGLYuSGver
— Moin Khan
(@moinkha15239900) March 11, 2024
रमजान के पूरे महीने में हर दिन 5 वक्त की नमाज के अलावा रात के समय एक विशेष तरह की नमाज पढ़ी जाती है, जिसे तरावीह कहा जाता है। रमजान का चांद नजर आने के बाद से तरावीह पढ़ने का सिलसिला शुरू हो जाता है।
पढ़ें :- IND vs AFG 1st ODI Live : आज धर्मशाला में भारत और अफगानिस्तान के बीच खेला जाएगा पहले वनडे, जानें- कब और कहां देख पाएंगे लाइव मैच
रमजान का रोजा 29 या 30 दिनों का होता है। इस्लाम धर्म में बताया गया है कि रमजान के दौरान रोजा रखने से अल्लाह खुश होते हैं और सभी दुआएं कुबूल करते हैं। ऐसी मान्यता है कि इस महीने की गई इबादत का फल बाकी महीनों के मुकाबले 70 गुना अधिक मिलता है।
चांद के दिखने के बाद से ही मुस्लिम समुदाय के लोग सूरज के निकलने से पहले सहरी खाकर इबादतों का सिलसिला शुरू कर देते हैं। सूरज निकलने से पहले खाए गए खाने को सहरी कहा जाता है और सूरज ढलने के बाद रोजा खोलने को इफ्तार कहा जाता है।