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Lakhimpur Kheri Violence : आशीष मिश्रा को नहीं मिली जमानत, सुनवाई 20 जनवरी तक स्थगित, सुप्रीम कोर्ट ने सरकार से पूछा ये सवाल

Lakhimpur Kheri Violence : लखीमपुर खीरी हिंसा मामले में बुधवार को केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा के बेटे आशीष मिश्रा (Ashish Mishra) को फिलहाल जमानत नहीं मिलेगी। सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने याचिका पर सुनवाई 20 जनवरी तक के लिए स्थगित कर दी है।

By संतोष सिंह 
Updated Date

Lakhimpur Kheri Violence : लखीमपुर खीरी हिंसा (Lakhimpur Kheri Violence) मामले में बुधवार को केंद्रीय मंत्री अजय मिश्रा के बेटे आशीष मिश्रा (Ashish Mishra) को फिलहाल जमानत नहीं मिलेगी। सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने याचिका पर सुनवाई 20 जनवरी तक के लिए स्थगित कर दी है। बताते चलें कि आशीष मिश्रा (Ashish Mishra)  ने इलाहाबाद हाईकोर्ट (Allahabad High Court) से जमानत रद्द के फैसले को सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) में चुनौती दी थी। बता दें कि शिकायतकर्ता के वकील दुष्यंत दवे के अस्वस्थ होने के चलते सुनवाई टाली गई है।

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ताजा अपडेट के अनुसार, सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने इस याचिका पर सुनवाई 20 जनवरी तक के लिए स्थगित कर दी है। इससे पहले आज सुनवाई के दौरान यूपी सरकार ने बताया कि सभी आरोपियों के खिलाफ आरोप तय किए जा चुके हैं। पिछली सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने एडिशनल सेशन जज से पूछा था कि लखीमपुर हिंसा (Lakhimpur Kheri Violence) मामले के ट्रायल में कितना टाइम लगेगा। इसके जवाब में बताया गया है कि न्यायाधीश लखीमपुर खीरी की रिपोर्ट कहती है कि मुकदमे को पूरा होने में 5 साल लगेंगे क्योंकि मामले में 208 गवाह हैं।

सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने यूपी सरकार से पूछा कि क्या इस घटना के तुरंत बाद 3 लोगों को पीटकर मारने के आरोपी किसान अभी तक हिरासत में हैं? बता दें कि पिछली सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने आशीष को जमानत का संकेत दिया था। कोर्ट ने कहा था कि वह 1 साल से अधिक समय में जेल में है। सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने निचली अदालत के जज से पूछा था कि केस की सुनवाई पूरी करने में कितना समय लग सकता है? जज ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि इसमें 5 साल तक का समय लग सकता है।

‘वह पहले से धमकी दे रहे थे’

शिकायतकर्ता के वकील दुष्यंत दवे ने जमानत का विरोध किया था। उन्होंने कहा कि यह एक संगीन मामला है। याचिकाकर्ता के पिता केंद्रीय मंत्री हैं। वह पहले से धमकी दे रहे थे कि आंदोलनकारी किसानों को सबक सिखाएंगे। बहुत प्रभावशाली परिवार से हैं। अगर 1 साल तक जेल में रहना जमानत का आधार है तो ऐसा हत्या के हर मामले में होना चाहिए।

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लखीमपुर के तिकुनियां कांड का घटना क्रम

दरअसल, लखीमपुर खीरी (Lakhimpur Kheri) की घटना 3 अक्टूबर 2021 को बनबीरपुर गांव (Banbirpur Village) में हुई थी। इस घटना में 8 लोगों की मौत हो गई थी और दो अन्य घायल हुए थे। चार प्रदर्शनकारी किसानों और एक पत्रकार को कार ने कुचल दिया था। घटना के बाद की हिंसा में दो बीजेपी सदस्यों और अजय मिश्रा टेनी के ड्राइवर को प्रदर्शनकारियों ने मार डाला था। जिस कार ने प्रदर्शनकारियों को कुचला, उसमें आशीष मिश्रा बैठे थे।

 

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