1. हिन्दी समाचार
  2. देश
  3. कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने तय की प्रशांत किशोर भूमिका, मिलेगा ये बड़ा पद

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने तय की प्रशांत किशोर भूमिका, मिलेगा ये बड़ा पद

चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर के कांग्रेस में एंट्री तय मानी जा रही है। हालांकि उनके शामिल होने का अभी पार्टी के तरफ से आधिकारिक ऐलान होना बाकी है, लेकिन सूत्रों का कहना है कि उनकी पार्टी में भूमिका तय हो गई है। कांग्रेस सूत्रों ने बताया कि सोनिया गांधी ने पार्टी नेताओं को बता दिया है कि प्रशांत किशोर शामिल होंगे। इसके अलावा वह 2024 के आम चुनाव के लिए रणनीति बनाने का काम करेंगे।

By संतोष सिंह 
Updated Date

नई दिल्ली। चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर के कांग्रेस में एंट्री तय मानी जा रही है। हालांकि उनके शामिल होने का अभी पार्टी के तरफ से आधिकारिक ऐलान होना बाकी है, लेकिन सूत्रों का कहना है कि उनकी पार्टी में भूमिका तय हो गई है।

पढ़ें :- Income Tax Raid: कंस्ट्रक्शन कंपनी पर इनकम टैक्स ने कसा शिकंजा

कांग्रेस सूत्रों ने बताया कि सोनिया गांधी ने पार्टी नेताओं को बता दिया है कि प्रशांत किशोर शामिल होंगे। इसके अलावा वह 2024 के आम चुनाव के लिए रणनीति बनाने का काम करेंगे। हालांकि इस बार वह महज आउटसोर्स सलाहकार नहीं होंगे बल्कि पार्टी के नेता की हैसियत से काम करेंगे। शनिवार से अब तक सोनिया गांधी की पीके के साथ तीन मीटिंग हो चुकी हैं। इन बैठकों में प्रियंका गांधी, कमलनाथ, दिग्विजय सिंह, केसी वेणुगोपाल और एके एंटनी समेत कई सीनियर नेता मौजूद थे।

यही नहीं बुधवार को राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भी सोनिया गांधी से मुलाकात की थी। माना जा रहा है कि इस मीटिंग में सोनिया गांधी ने दोनों राज्यों के नेताओं को बता दिया है कि पीके पार्टी में आ रहे हैं। संभव है कि प्रशांत किशोर को विधानसभा चुनावों की रणनीति का जिम्मा सौंपा जाए। शायद इसीलिए दोनों मुख्यमंत्रियों को सोनिया गांधी ने बुलाया था। मीटिंग के बाद राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी कहा कि प्रशांत किशोर जैसे स्ट्रैटजिस्ट का अनुभव कांग्रेस के लिए फायदेमंद होगा।

कांग्रेस सूत्रों ने बताया कि पीके ने मीटिंग में 52 स्लाइड्स का पावर पॉइंट प्रजेंटेशन दिया था। इसमें उन्होंने 18 स्लाइड्स के जरिए बताया कि कांग्रेस की कम्युनिकेशन स्ट्रेटेजी क्या हो सकती है? इसके अलावा यह भी बताया है कि किन राज्यों में सीटों को बढ़ाया जा सकता है, कहां गठबंधन करना मुफीद होगा और कहां पार्टी को अकेले ही दम पर तत्काल काम शुरू करने की जरूरत है। इसके अलावा पार्टी की इमेज बिल्डिंग और नैरेशन से जुड़े पहलुओं पर भी उन्होंने बात की। प्रशांत किशोर ने कहा कि कांग्रेस को अपनी इमेज बदलनी होगी और नैरेशन पर काम करना होगा।

पार्टी महासचिव बन सकते हैं पीके

पढ़ें :- संसद में स्मृति ईरानी पर भड़की सोनिया गांधी, कहा-Don't talk to me

सूत्रों का कहना है कि पीके को पार्टी महासचिव का रोल दिया जा सकता है। वे स्ट्रैटजी और अलायंस पर काम करेंगे। कहा जा रहा है कि सोनिया गांधी के राजनीतिक सचिव रहे अहमद पटेल और मोतीलाल वोरा रणनीतिक मामलों में अच्छी समझ रखते थे। अब उनकी कमी पूरी करने के लिए पीके के सहारे कांग्रेस लीडरशिप आगे बढ़ सकती है। कहा जा रहा है कि प्रशांत किशोर विधानसभा और लोकसभा चुनाव की रणनीति का काम देखेंगे। इसके अलावा राज्यों के प्रभारियों से वह संवाद स्थापित करेंगे और रणनीति तैयार करेंगे।

इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...