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Rakhine Tension : म्यांमार में हिंसा और तनावपूर्ण हालात, विदेश मंत्रालय ने भारतीयों को तुरंत रखाइन छोड़ने की दी सलाह

MEA Travel Advisory For Rakhine Violence : भारतीय विदेश मंत्रालय (MEA) ने मंगलवार को एक एडवाइजरी जारी कर म्यांमार के रखाइन प्रांत (Rakhine State) में रह रहे भारतीयों को तत्काल वापसी की सलाह दी। वहां हिंसा और तनावपूर्ण हालात को देखते हुए विदेश मंत्रालय (MEA) की ओर से यह सलाह दी गयी है। इसके साथ ही रखाइन प्रांत में रह रहे भारतीय फौरन किसी दूसरे सुरक्षित स्थान की ओर जाने के लिए कहा गया है। 

By Abhimanyu 
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MEA Travel Advisory For Rakhine Tension : भारतीय विदेश मंत्रालय (MEA) ने मंगलवार को एक एडवाइजरी जारी कर म्यांमार के रखाइन प्रांत (Rakhine State) में रह रहे भारतीयों को तत्काल वापसी की सलाह दी। वहां हिंसा और तनावपूर्ण हालात को देखते हुए विदेश मंत्रालय (MEA) की ओर से यह सलाह दी गयी है। इसके साथ ही रखाइन प्रांत में रह रहे भारतीय फौरन किसी दूसरे सुरक्षित स्थान की ओर जाने के लिए कहा गया है।

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दरअसल, 1 फरवरी 2021 को म्यांमार में तख्तापलट होने के बाद सत्ता पर सेना का कब्जा है। जिसके खिलाफ म्यांमार (Myanmar)  में लोकतंत्र की बहाली (Restoration of Democracy) की मांग को लेकर वहां व्यापक हिंसक विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। म्यांमार की सेना सशस्त्र संघर्ष करने वालों को निशाना बनाकर हवाई हमले कर रही है, जबकि पिछले कुछ महीनों में म्यांमार में हिंसा में काफी वृद्धि हुई। तीन जातीय अल्पसंख्यक बलों ने पिछले साल अक्टूबर में सैन्य शासन के खिलाफ एक साथ आक्रमण शुरू किया था। जातीय बलों ने कुछ कस्बों और सैन्य चौकियों पर भी कब्ज़ा कर लिया। पिछले साल दिसंबर में, कम से कम म्यांमार के 151 सैनिक एक सशस्त्र जातीय समूह से बचने के लिए भागकर मिजोरम (Mizoram) में घुस गए थे।

म्यांमार (Myanmar) में इन हालातों को देखते हुए विदेश मंत्रालय (MEA) ने मंगलवार को अपनी एडवाइजरी (Advisory) में कहा कि, ‘बिगड़ती सुरक्षा स्थिति, लैंडलाइन सहित दूरसंचार के बाकी साधनों में व्यवधान और जरूरी चीजों की गंभीर कमी देखते हुए सभी भारतीय नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे म्यांमार के रखाइन प्रांत की यात्रा न करें। जो भारतीय नागरिक पहले से ही रखाइन में हैं, उन्हें तुरंत यहां से बाहर निकलने की सलाह दी जाती है।’

विदेश मंत्रालय (MEA) ने यह भी कहा कि म्यांमार में रहने की योजना बना रहे सभी भारतीय नागरिकों को यांगून (Yangon) में भारतीय दूतावास के साथ खुद को रजिस्टर कराने की सलाह दी जाती है।  दूतावास के साथ पंजीकरण से नागरिकों को किसी भी आपातकालीन स्थिति में या ऐसी आवश्यकता उत्पन्न होने पर भारत सरकार की ओर से उठाए गए किसी भी रेस्क्यू ऑपरेशन या अन्य सुविधाओं के अंतर्गत लाया जाएगा।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता (MEA spokesperson) रणधीर जयसवाल (Randhir Jaiswal) ने कहा कि म्यांमार में अस्थिरता का सीधा असर हमारे देश पर पड़ने वाला है। हम म्यांमार की स्थिति को लेकर काफी चिंतित हैं. हमारे पड़ोसी देश होने के नाते हम चाहते हैं कि वहां लोकतंत्र की बहाली फिर से हो। भारत सरकार हर स्थिति पर लगातार नजर रख रही है।

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