41610 पुलिस भर्ती मामले में रिक्त 2312 पदों को दो माह में भरने का निर्देश

इलाहाबाद: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वर्ष 2013 की 41610 सिपाहियों की भर्ती में विशेष कोटे के खाली रह गये 2312 पदों पर पुलिस भर्ती बोर्ड को याची अभ्यर्थियों को समायोजित करने के लिए दो माह में विचार करने का निर्देश दिया है। यह आदेश न्यायमूर्ति एमसी त्रिपाठी ने पवन कुमार उपाध्याय व दो सौ अन्य सफल अभ्यर्थियों की याचिका को निस्तारित करते हुए दिया है।




याचिका पर अधिवक्ता विजय गौतम ने बहस की। मालूम हो कि पुलिस भर्ती बोर्ड द्वारा 14 मई 13 को 41610 पुलिस, पीएसी व फायरमैन पदों की भर्ती प्रक्रिया शुरू की गयी। प्रारंभिक परीक्षा 15 दिसम्बर 2013 को हुई थी। इस परीक्षा में कुल 22 लाख 24 हजार 687 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था, जिसमें से स्क्रूटनी के बाद 21 लाख 62 हजार 389 अभ्यर्थियों को काल लेटर जारी हुआ था।

इस भर्ती की प्रारंभिक लिखित परीक्षा 15 दिसम्बर 13 को 4236 केन्द्रों पर हुई थी। 16 जुलाई 15 को अन्तिम परिणाम घोषित किया गया जिसमें 38191 अभ्यर्थी चयनित घोषित किए गए। विकलांग, स्वतंत्रता सेनानी आश्रित व पूर्व सैनिक के लिए आरक्षित सीटों में खाली रह गयीं सीटों को नियम 3(5) के तहत अगले वर्ष की परीक्षा के लिए अग्रेनीत कर दिया गया। बाद में राज्य सरकार ने इसे वापस ले लिया।

फलस्वरूप 2312 पद खाली रह गए। हाईकोर्ट में दाखिल इन सैकड़ों याचिकाओं में संशोधन की अर्जी दायर कर मांग की गयी कि कैरीफार्वड वैकेन्सी का नियम समाप्त हो जाने के बाद रिक्त पदों पर याचिकाकर्ताओं की नियुक्ति की जाए। मुख्य लिखित परीक्षा में 55123 अभ्यर्थियों को सफल घोषित किया गया है किन्तु इनमें से केवल 38191 ही चयनित किए गए।