हम सब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के आभारी हैं, जिन्होंने देश में पहली बार गरीबों, अन्नदाता किसानों, महिलाओं और युवाओं को प्राथमिकता के आधार पर शासन की योजनाओं से जोड़ने का कार्य किया है। मुख्यमंत्री ने कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी कहते हैं कि देश में केवल चार जातियां हैं… गरीब, किसान, महिला और युवा। सभी जाति, पंथ, संप्रदाय, मत और मजहब इनमें समाहित हैं। इसलिए जब योजना का लाभ देने की बात होती है, तो उसका एक ही मंत्र है- ‘सबका साथ, सबका विकास’।
लखनऊ। होली से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश के 1.86 करोड़ उज्ज्वला परिवारों को यूपी सरकार की तरफ से गैस सिलिंडर रीफिल सब्सिडी का तोहफा दिया है। लोकभवन में आयोजित कार्यक्रम में 1,500 करोड़ की धनराशि वितरित की गई। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कहा कि, होली से पहले घर की खुशियों को और अधिक बढ़ाने के लिए उत्तर प्रदेश की डबल इंजन सरकार ने वर्ष 2022 में यह सुविधा प्रारंभ की थी। मुझे प्रसन्नता है कि उसी घोषणा के क्रम में आज ₹1,500 करोड़ की राशि 1 करोड़ 86 लाख उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों के लिए जारी की जा रही है।
उन्होंने आगे कहा, हम सब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के आभारी हैं, जिन्होंने देश में पहली बार गरीबों, अन्नदाता किसानों, महिलाओं और युवाओं को प्राथमिकता के आधार पर शासन की योजनाओं से जोड़ने का कार्य किया है। मुख्यमंत्री ने कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी कहते हैं कि देश में केवल चार जातियां हैं… गरीब, किसान, महिला और युवा। सभी जाति, पंथ, संप्रदाय, मत और मजहब इनमें समाहित हैं। इसलिए जब योजना का लाभ देने की बात होती है, तो उसका एक ही मंत्र है- ‘सबका साथ, सबका विकास’।
मुख्यमंत्री ने कहा, उज्ज्वला योजना के अंतर्गत देश में 10 करोड़ से अधिक लोगों को निःशुल्क गैस कनेक्शन की सुविधा प्राप्त हुई है। उत्तर प्रदेश में 1 करोड़ 86 लाख लाभार्थियों को इसका लाभ मिल रहा है। सोचिए, जिन्हें कभी गैस सिलेंडर नहीं मिला था, उन्हें डबल इंजन सरकार में यह सुविधा उपलब्ध कराई गई। साथ ही कहा, ‘लखपति दीदी’ कार्यक्रम हो या SHE-MART, ग्रामीण क्षेत्रों में सरकार सशक्त विपणन तंत्र विकसित कर रही है। इसी क्रम में ‘मुख्यमंत्री महिला उद्यमी उत्पाद विपणन योजना’ प्रारंभ की गई है, जिसके अंतर्गत महिला स्वयं सहायता समूहों द्वारा निर्मित उत्पादों के लिए बाजार उपलब्ध कराने तथा गुणवत्ता सुधार सुनिश्चित करने की प्रभावी व्यवस्था की गई है।
साथ ही कहा, महिला श्रम बल की भागीदारी पहले 13 प्रतिशत थी, जो अब बढ़कर 36 प्रतिशत हो गई है। आज उत्तर प्रदेश में महिलाएं सरकारी नौकरियों, उद्योगों और समाज के विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय भूमिका निभा रही हैं तथा स्वावलंबन और आत्मनिर्भरता के लक्ष्य की दिशा में मजबूती से आगे बढ़ रही हैं। हमारी सरकार ने तय किया है कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता हों या आशा वर्कर… एक-एक कर सभी के मानदेय में क्रमिक रूप से वृद्धि की जाएगी। साथ ही कहा, होली का पर्व समता का पर्व है… कोई भेदभाव नहीं… न कोई छोटा, न कोई बड़ा। किसी प्रकार का भेदभाव जब न हो, तो होली जैसी रंग भरी, उत्साहपूर्ण आयोजन हम सबके सामने होता है।