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Lakhimpur Kheri Violence : शरद पवार बोले- लखीमपुर कांड की Supreme Court के मौजूदा जज से कराई जाए जांच

Lakhimpur Kheri Violence : लखीमपुर खीरी हिंसा को लेकर विपक्षी पार्टियां पूरी तरह से यूपी की योगी आदित्यनाथ सरकार (yogi adityanath government) पर लगातार निशाना साध रहे हैं। इस मामले में अब एनसीपी प्रमुख शरद पवार (NCP chief Sharad Pawar)  का बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि वह किसानों के साथ हैं और मामले में रिटायर्ड जज नहीं सुप्रीम कोर्ट के (Supreme Court ) मौजूदा जज से जांच कराई जानी चाहिए।

By संतोष सिंह 
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Lakhimpur Kheri Violence : लखीमपुर खीरी हिंसा को लेकर विपक्षी पार्टियां पूरी तरह से यूपी की योगी आदित्यनाथ सरकार (yogi adityanath government) पर लगातार निशाना साध रहे हैं। इस मामले में अब एनसीपी प्रमुख शरद पवार (NCP chief Sharad Pawar)  का बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि वह किसानों के साथ हैं और मामले में रिटायर्ड जज नहीं सुप्रीम कोर्ट के (Supreme Court ) मौजूदा जज से जांच कराई जानी चाहिए।

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एनसीपी प्रमुख शरद पवार (NCP chief Sharad Pawar) ने कहा कि हम चाहते हैं कि लखीमपुर कांड (Lakhimpur Kheri Violence) की जांच एक रिटायर्ड जज के बजाय मौजूदा सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court )  के जज करें, ताकि सच्चाई सामने आ सके। सरकार किसानों की आवाज दबा रही है, लेकिन वे सफल नहीं होंगे। हम किसानों के साथ हैं और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए हर कदम उठाएंगे।

खबर ये भी है कि लखीमपुर खीरी (Lakhimpur Kheri) बवाल मामले में प्रियंका गांधी वाड्रा (Priyanka Gandhi Vadra) के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ है। वे इस वक्त सीतापुर गेस्ट हाऊस (Sitapur Guest House) में नजर बंद हैं। लखीमपुर खीरी (Lakhimpur Kheri) बवाल में मारे गए चार किसानों में से दो के परिजनों ने अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया है। परिजन पोस्टमार्टम रिपोर्ट (Post Mortem Report) देखने के बाद ही अंतिम संस्कार करने को कह रहे हैं। परिजनों का आरोप है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट (Post Mortem Report) में ‘खेल’ हो सकता है।

इससे पहले कल मृतकों के परिजनों को 45-45 लाख रुपये मुआवजा, परिवार के एक-एक सदस्य को योग्यता के अनुसार सरकारी नौकरी, घायलों को 10-10 लाख रुपये मुआवजा, पूरे प्रकरण की जांच हाईकोर्ट के सेवानिवृत्त जज से कराने की सहमति के बाद परिजन अंतिम संस्कार करने को राजी थे।

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