Success Story: प्रतियोगी परीक्षाओं में बार-बार असफल होने के बाद भी अगर कोई अपने लक्ष्य से पीछे न हटे, तो उसकी मेहनत एक दिन जरूर रंग ला सकती है। कानपुर के रहने वाले पूर्व नेवी सेलर मयंक सचान की कहानी इसका उदाहरण है। मयंक ने 15 से ज्यादा प्रतियोगी परीक्षाओं
