पुदुचेरी की सियासत में चुनाव से ठीक पहले फिल्मी अंदाज़ में एंट्री मारते हुए विजय थलापति ने ऐसा दांव चला है, जिसने मुकाबले को अचानक दिलचस्प बना दिया है। बयान भी तीखे, वादे भी बड़े—और अंदाज़ पूरी तरह स्टार वाला। आगामी 9 अप्रैल को होने वाले पुदुचेरी विधानसभा चुनाव 2026 से पहले विजय...
पुदुचेरी चुनाव: पुदुचेरी की सियासत में चुनाव से ठीक पहले फिल्मी अंदाज़ में एंट्री मारते हुए विजय थलापति ने ऐसा दांव चला है, जिसने मुकाबले को अचानक दिलचस्प बना दिया है। बयान भी तीखे, वादे भी बड़े—और अंदाज़ पूरी तरह स्टार वाला। आगामी 9 अप्रैल को होने वाले पुदुचेरी विधानसभा चुनाव 2026 से पहले विजय ने सीधा हमला दोनों बड़े गठबंधनों पर बोला। उन्होंने कांग्रेस-डीएमके गठबंधन को “भ्रमित गठबंधन” बताया, तो वहीं भाजपा गठबंधन को “थका हुआ गठबंधन” कहकर घेरा। उनका कहना है कि सालों तक सत्ता में रहने के बावजूद ये दल पुदुचेरी को आज तक पूर्ण राज्य का दर्जा नहीं दिला सके।
रैली में विजय का अंदाज़ पूरी तरह फिल्मी था। उन्होंने जनता से अपनी पार्टी के ‘सीटी’ चुनाव चिन्ह पर वोट देने की अपील करते हुए इसे “एक उंगली की क्रांति” बताया—जैसे किसी फिल्म का डायलॉग हो, लेकिन इस बार सियासत के मंच पर। लेकिन असली खेल उनके वादों में दिखा। विजय ने ऐलान किया कि अगर उनकी पार्टी सत्ता में आती है तो हर परिवार को 25 लाख रुपये तक का स्वास्थ्य बीमा दिया जाएगा। इसके साथ ही गरीब परिवारों को 200 यूनिट तक मुफ्त बिजली देने का वादा भी किया गया। शिक्षा के क्षेत्र में उन्होंने “पुदुचेरी यूनिवर्सिटी ऑफ एप्लाइड साइंसेज एंड आर्ट्स” बनाने की बात कही।
विजय यहीं नहीं रुके। उन्होंने साफ कहा कि उनकी सरकार बनने पर पुदुचेरी को उपराज्यपाल के हस्तक्षेप से मुक्त कर पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने की पूरी कोशिश की जाएगी। साथ ही छह महीने के भीतर स्थानीय निकाय चुनाव कराने का भी वादा किया। चुनावी मैदान में विजय की एंट्री और उनके आक्रामक बयान अब पूरे माहौल को गरमा चुके हैं। एक तरफ बड़े-बड़े वादे, दूसरी तरफ गठबंधनों पर सीधा हमला—अब देखना दिलचस्प होगा कि जनता इस “फिल्मी पॉलिटिक्स” को कितना पसंद करती है।