Murder of Chhattisgarh BJP leader : छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले से दिलदहलाने वाली घटना सामने आयी है। यहां पर रेत खनन से जुड़े विवाद में तीन लोगों की बेरहमी से हत्या कर दी गयी, जबकि दो अन्य लोगों पर भी हमला किया गया। जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जिनकी हालत गंभीर बतायी जा रही है। मृतकों में एक भाजपा नेता भी शामिल है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
Murder of Chhattisgarh BJP leader : छत्तीसगढ़ के कोरिया जिले से दिलदहलाने वाली घटना सामने आयी है। यहां पर रेत खनन से जुड़े विवाद में तीन लोगों की बेरहमी से हत्या कर दी गयी, जबकि दो अन्य लोगों पर भी हमला किया गया। जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जिनकी हालत गंभीर बतायी जा रही है। मृतकों में एक भाजपा नेता भी शामिल है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
जानकारी के अनुसार, यह घटना मंगलवार रात कोरिया जिले की सोनहत तहसील के कटगोड़ी गांव की है, जहां पर रेत खनन के कारोबार को लेकर हुए विवाद में एक ग्रुप ने कथित तौर पर कुछ लोगों पर हमला कर दिया। पुलिस के अनुसार, पीड़ित एक टोयोटा फॉर्च्यूनर एसयूवी और एक स्कोडा सेडान में सवार होकर जा रहे थे, इस दौरान विरोधी गुट के लोगों ने कथित तौर पर उन पर हमला कर दिया। हमलावरों ने फॉर्च्यूनर को ट्रक से कई बार टक्कर मारी, जिससे कार क्षतिग्रस्त हो गई और उसके दरवाजे जाम हो गए।
कुछ प्रत्यक्षदर्शियों का आरोप है कि हमलावरों ने फॉर्च्यूनर पर पेट्रोल छिड़ककर उसमें आग लगा दी। हालांकि, इसकी अभी पुष्टि नहीं हुई है। बताया जा रहा है कि कार के दरवाजे जाम होने कारण उसमें सवार लोग बाहर नहीं निकल सके और बाद में कार में आग लग गई। इस दौरान कुछ लोगों ने खिड़की तोड़कर बाहर निकलने की कोशिश की, लेकिन आरोपियों ने उन पर हमला कर दिया।
इस वारदात में हमलावरों भाजपा नेता भरत सिंह को फॉर्च्यूनर कार के अंदर जिंदा जलाकर मार डाला। फॉर्च्यूनर में सवार एक अन्य व्यक्ति, नागेंद्र सिंह (53) लगभग 80 प्रतिशत जल गए थे। उनकी इलाज के लिए रायपुर ले जाते समय मौत हो गई। वहीं, स्कोडा कार में सवार वीरेंद्र प्रताप सिंह (32) को धारदार हथियार से हमले में गंभीर चोटें आई थीं, जिनकी अंबिकापुर अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई।
बताया जा रहा है कि यह हत्याकांड रेत खनन के कारोबार को लेकर भरत सिंह और मनोज त्रिपाठी परिवारों के बीच लंबे समय से जारी रंजिश का नतीजा है। वहीं, दो 2 लोगों की हालत गंभीर है। घटना के बाद मनोज त्रिपाठी परिवार के चार आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं। फॉरेंसिक विशेषज्ञ इस बात की जांच कर रहे हैं कि कार में आग पेट्रोल डालकर जानबूझकर लगाई गई थी या बिजली के खंभे से टकराने के कारण लगी।