यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Chief Minister Yogi Adityanath) शुक्रवार 19 जून को अयोध्या दौरा प्रस्तावित है। चंदा चोरी के मामले की जांच के बीच इस दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने जो प्रोटोकॉल तैयार किया है, उसमें राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से चंपत राय की बजाय उनके प्रतिनिधि को शामिल करने की बात कही गई है।
लखनऊ। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Chief Minister Yogi Adityanath) शुक्रवार 19 जून को अयोध्या दौरा प्रस्तावित है। चंदा चोरी के मामले की जांच के बीच इस दौरे को लेकर जिला प्रशासन ने जो प्रोटोकॉल तैयार किया है, उसमें राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से चंपत राय की बजाय उनके प्रतिनिधि को शामिल करने की बात कही गई है। यानी प्रोटोकॉल के मुताबिक मुख्यमंत्री के साथ होने वाले कार्यक्रमों और मंच पर ट्रस्ट का प्रतिनिधित्व कोई और करता दिखाई देगा।
सूत्रों के मुताबिक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Chief Minister Yogi Adityanath) के अयोध्या आगमन और राम मंदिर से जुड़े कार्यक्रमों के लिए जो आधिकारिक प्रोटोकॉल तैयार किया गया है, उसमें ट्रस्ट की ओर से चंपत राय (Champat Rai) के बजाय उनके प्रतिनिधि की मौजूदगी की बात कही गई है। बता दें कि अभी तक आमतौर पर मुख्यमंत्री के अयोध्या दौरे के दौरान राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट (Ram Janmabhoomi Teerth Kshetra Trust) के पदाधिकारी कार्यक्रमों में मौजूद रहते हैं, लेकिन इस बार चंपत राय का नाम सूची में नहीं होने से चर्चाएं तेज हो गई हैं।
जिला प्रशासन की ओर से जारी सुरक्षा एवं प्रोटोकॉल संबंधी निर्देशों के बिंदु संख्या 29 में चंपत राय से अनुरोध किया गया है कि मुख्यमंत्री के राम मंदिर दर्शन-पूजन कार्यक्रम की व्यवस्था के लिए वह किसी अन्य व्यक्ति को अपना प्रतिनिधि नामित करें। इसकी सूचना ड्यूटी मजिस्ट्रेट के सीयूजी नंबर पर उपलब्ध कराएं।
क्यों लिया गया ये फैसला?
सूत्रों के अनुसार, यह निर्देश ऐसे समय में आया है जब राम मंदिर के चढ़ावे को लेकर विवाद और जांच का मामला चर्चा में है। राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में इसे महत्वपूर्ण संकेत के रूप में देखा जा रहा है। वहीं, चंपत राय के समर्थन में दी गई सफाइयों का भी फिलहाल कोई असर दिखाई नहीं दे रहा है। हालांकि, प्रशासन या ट्रस्ट की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है कि यह निर्णय किस कारण से लिया गया, लेकिन सुरक्षा प्रोटोकॉल में प्रतिनिधि नामित करने के निर्देश ने चर्चाओं को और तेज कर दिया है। मुख्यमंत्री के अयोध्या दौरे और राम मंदिर कार्यक्रम पर अब सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।
सीएम योगी का अयोध्या और गोंडा दौरे का जानें मिनट-टू-मिनट प्रोग्राम
मुख्यमंत्री योगी शुक्रवार को अयोध्या और गोंडा के दौरे पर रहेंगे। उनका कार्यक्रम सुबह 10:35 बजे अयोध्या जिले की रुदौली विधानसभा स्थित मां कामाख्या धाम हेलीपैड पर पहुंचने के साथ शुरू होगा। यहां वे मंदिर में दर्शन-पूजन करेंगे, वीरांगना झलकारी बाई की प्रतिमा का अनावरण करेंगे। इसी के साथ विभिन्न विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण करेंगे। इसके बाद दोपहर 12:05 बजे गोंडा के लिए रवाना होंगे। गोंडा में आयुक्त सभागार में देवीपाटन और बस्ती मंडल के लोक निर्माण विभाग की परियोजनाओं की समीक्षा बैठक करेंगे। दोपहर 2:40 बजे गोंडा से अयोध्या पहुंचने के बाद मुख्यमंत्री 3 बजे हनुमानगढ़ी में दर्शन-पूजन करेंगे और फिर राम मंदिर पहुंचकर रामलला के दर्शन करेंगे।
इसके बाद वे रिषभदेव दिगंबर जैन मंदिर में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होंगे, फिर मनिराम दास छावनी पहुंचकर राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अध्यक्ष नृत्य गोपाल दास के जन्मोत्सव कार्यक्रम में भाग लेंगे। शाम 5:10 बजे मुख्यमंत्री रामयण वैक्स म्यूजियम का उद्घाटन करेंगे और शाम 6 बजे रामकथा पार्क हेलीपैड से लखनऊ के लिए रवाना हो जाएंगे। मुख्यमंत्री का यह दौरा करीब साढ़े सात घंटे का रहेगा, जिसमें धार्मिक, प्रशासनिक और विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण कार्यक्रम शामिल हैं।