कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा (Congress MP Priyanka Gandhi Vadra) ने लोकसभा में हालिया घटनाक्रम पर तीखी टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) स्पीकर के पीछे छिप रहे हैं। प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) ने कहा कि कल 4 फरवरी सदन में आने की हिम्मत नहीं थी, क्योंकि तीन महिलाएं बेंच के सामने खड़ी थीं।
नई दिल्ली। कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा (Congress MP Priyanka Gandhi Vadra) ने लोकसभा में हालिया घटनाक्रम पर तीखी टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) स्पीकर के पीछे छिप रहे हैं। प्रियंका गांधी (Priyanka Gandhi) ने कहा कि कल 4 फरवरी सदन में आने की हिम्मत नहीं थी, क्योंकि तीन महिलाएं बेंच के सामने खड़ी थीं। उन्होंने इसे “बकवास” करार दिया और आरोप लगाया कि सरकार कोई चर्चा नहीं होने देना चाहती है।
VIDEO | Delhi: “Absolute lie, no question of hurting PM; PM is hiding behind the Speaker; he did not have the guts to come to the House because three women were standing before the bench”, says Congress MP Priyanka Gandhi Vadra (@priyankagandhi) on Lok Sabha Speaker saying he… pic.twitter.com/4HYy3oXlsL
— Press Trust of India (@PTI_News) February 5, 2026
यह बयान बजट सत्र के दौरान लोकसभा में हुई अराजकता के संदर्भ में आया है। 4 फरवरी को पीएम मोदी (PM Modi) का मोशन ऑफ थैंक्स पर जवाब देने का कार्यक्रम था, लेकिन सदन की कार्यवाही अचानक स्थगित कर दी गई। विपक्षी महिला सांसदों ने ट्रेजरी बेंच की ओर बढ़कर पीएम की कुर्सी को घेर लिया था । इसके कारण पीएम सदन में प्रवेश नहीं कर सके, और उनका भाषण रद्द हो गया। कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा (Priyanka Gandhi Vadra) ने इसे पीएम की “डर” से जोड़ा और कहा कि सरकार जवाबदेही से बच रही है।
राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने भी इसी तरह आरोप लगाया कि पीएम सच का सामना नहीं करना चाहते, खासकर पूर्व सेना प्रमुख जनरल एम.एम. नरावणे (Former Army Chief General M.M. Naravane) की किताब “Four Stars of Destiny” के संदर्भ में जिसमें 2020 लद्दाख विवाद पर टिप्पणियां हैं। विपक्ष का दावा है कि सरकार चर्चा से बच रही है, जैसे अमेरिका के साथ ट्रेड डील या अन्य मुद्दों पर। वहीं, भाजपा पक्ष ने विपक्ष पर आरोप लगाया कि वे जानबूझकर अराजकता फैला रहे थे और यहां तक कि पीएम पर हमला करने की आशंका जताई गई। यह संसद में जारी गतिरोध का हिस्सा है, जहां दोनों पक्ष एक-दूसरे पर लोकतंत्र की अवहेलना का आरोप लगा रहे हैं।