CJP's New Campaign : जंतर-मंतर पर NEET पेपर लीक और पूर्व शिक्षामंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के लिए छात्र आंदोलन का नेतृत्व करने वाले कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर अभिजीत दिपके ने गांवों में सरकारी स्कूलों को बेहतर बनाने के लिए देशव्यापी अभियान का ऐलान किया। दिपके ने सोमवार को गांवों में सरकारी स्कूलों को बेहतर बनाने के लिए एक देशव्यापी अभियान का ऐलान किया। उन्होंने माता-पिता से बुनियादी सुविधाओं का सोशल ऑडिट करने और सरपंचों से इन स्कूलों को बेहतर बनाने का काम अपने हाथ में लेने की अपील की।
CJP’s New Campaign : जंतर-मंतर पर NEET पेपर लीक और पूर्व शिक्षामंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के लिए छात्र आंदोलन का नेतृत्व करने वाले कॉकरोच जनता पार्टी के फाउंडर अभिजीत दिपके ने गांवों में सरकारी स्कूलों को बेहतर बनाने के लिए देशव्यापी अभियान का ऐलान किया। दिपके ने सोमवार को गांवों में सरकारी स्कूलों को बेहतर बनाने के लिए एक देशव्यापी अभियान का ऐलान किया। उन्होंने माता-पिता से बुनियादी सुविधाओं का सोशल ऑडिट करने और सरपंचों से इन स्कूलों को बेहतर बनाने का काम अपने हाथ में लेने की अपील की।
जानकारी के अनुसार, सरकारी स्कूलों को बेहतर बनाने के लिए देशव्यापी अभियान 15 अगस्त को शुरू होगा। इस दौरान कॉकरोच जनता पार्टी नागरिकों, माता-पिता और गांव के नेताओं से अपील करेगी कि वे मिलकर काम करें और “ग्रामीण शिक्षा के बुनियादी ढांचे की अनदेखी” की समस्या को दूर करें। एक वीडियो संदेश में सीजेपी संस्थापक दिपके ने कहा कि वह महाराष्ट्र में अपने गांव हिंगोली से इस पहल की शुरुआत करेंगे। इसके लिए वह गांव के मुखिया से मिलकर वहां के सरकारी स्कूलों को बेहतर बनाने का अनुरोध करेंगे। उन्होंने कहा, “आने वाली 15 अगस्त को हमारा 80वां स्वतंत्रता दिवस है। लेकिन, अगर पिछले 80 सालों में किसी चीज़ को सबसे ज़्यादा नज़रअंदाज़ किया गया है, तो वह हैं हमारे गांवों के सरकारी स्कूल।”
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अभिजीत दिपके ने पूछा, “हमने नया संसद भवन बनाया, प्रधानमंत्री का नया घर बनाया। हम अपने गांवों में नए स्कूल क्यों नहीं बना पाए? क्या हम किसानों और मज़दूरों के बच्चों को अपने देश का भविष्य नहीं मानते?” दिपके ने कहा कि गांव के बच्चों को स्कूल जाने के लिए अभी भी लंबी दूरी तय करनी पड़ती है और अक्सर उन्हें पीने का पानी और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाएं नहीं मिलतीं।