1. हिन्दी समाचार
  2. दुनिया
  3. Maldives smoking ban : मालदीव में स्मोकिंग पर होगा बैन, ट्रिप प्लान कर रहे तो इस बात का रखें ख्याल

Maldives smoking ban : मालदीव में स्मोकिंग पर होगा बैन, ट्रिप प्लान कर रहे तो इस बात का रखें ख्याल

विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल मालदीव में स्मोकिंग बैन होने वाला है।दक्षिण एशियाई लक्जरी पर्यटक द्वीप समूह में धूम्रपान को पूरी तरह से खत्म करने का प्रयास करेगा।

By अनूप कुमार 
Updated Date

Maldives smoking ban : विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल मालदीव में स्मोकिंग बैन होने वाला है। दक्षिण एशियाई लक्जरी पर्यटक द्वीप समूह में धूम्रपान को पूरी तरह से खत्म करने का प्रयास करेगा। यानी यहां सिगरेट पीने की इजाजत नहीं होगी। मालदीव इसी साल स्मोकिंग पर प्रतिबंध लगाने के लिए पहला कदम उठाएगा। अलग-अलग स्टेज के जरिए स्मोकिंग को बैन करने की तैयारी है और इसके पहले कदम के रूप में इस साल के नवंबर से 19 वर्ष से कम उम्र के किसी भी व्यक्ति के लिए सिगरेट खरीदना अवैध हो जाएगा।

पढ़ें :- अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ख्वाहिश पूरी, मिला नोबेल शांति पुरस्कार! वेनेजुएलाई नेता मारिया मचाडो ने किया भेंट

कानून जनवरी 2007 की कट-ऑफ तिथि के बाद पैदा हुए व्यक्तियों को तंबाकू उत्पादों की बिक्री पर रोक लगाएगा, जिससे भावी पीढ़ियों के लिए धूम्रपान को प्रभावी रूप से समाप्त किया जा सकेगा। राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू के कार्यालय ने रविवार को कैबिनेट बैठक के बाद जारी एक बयान में कहा, “नया कानून 1 नवंबर, 2025 को लागू होने वाला है।”

नए कानून का उल्लंघन करने पर दंड की घोषणा तुरंत नहीं की गई, लेकिन अधिकारियों ने कहा कि वे मौजूदा तंबाकू नियंत्रण कानूनों में संशोधन करने के लिए काम कर रहे हैं ताकि उन्हें नए कानून के अनुरूप बनाया जा सके। ब्रिटेन में प्रस्तावित एक समान कानून अभी भी विधायी प्रक्रिया में है, जबकि न्यूजीलैंड – धूम्रपान के खिलाफ पीढ़ीगत कानून लागू करने वाला पहला देश – ने इसे पेश किए जाने के एक साल से भी कम समय बाद नवंबर 2023 में निरस्त कर दिया।

गौरतलब है कि स्मोकिंग पर ऐसा कानून बनाने या कोशिश करने वाला मालदीव अकेला देश नहीं है। ब्रिटेन में एक ऐसा ही प्रस्तावित कानून अभी भी विधायी प्रक्रिया में है। न्यूजीलैंड धूम्रपान के खिलाफ पीढ़ीगत कानून बनाने वाला पहला देश बना था लेकिन इसे पेश होने के एक साल से भी कम समय बाद नवंबर 2023 में रद्द कर दिया गया।

पढ़ें :- पूर्व राष्ट्रपति को सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट कोर्ट ने सुनाई पांच साल की सजा, न्याय में बाधा डालने के आरोप में दोष सिद्ध
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...