1. हिन्दी समाचार
  2. तकनीक
  3. BBNL और BSNL के मर्जर को मोदी सरकार ने दिखाई हरी झंडी, कैबिनेट ने मंजूर किया 1.64 लाख करोड़ रुपए का पैकेज

BBNL और BSNL के मर्जर को मोदी सरकार ने दिखाई हरी झंडी, कैबिनेट ने मंजूर किया 1.64 लाख करोड़ रुपए का पैकेज

सरकारी दूरसंचार कंपनी भारत संचार निगम लिमिटेड (BSNL) को लेकर बुधवार को एक बड़ी खबर सामने आई है। कैबिनेट ने बीएसएनएल (BSNL) में जान फूंकने के लिए 1.64 लाख करोड़ रुपए के रिवाइवल पैकेज को मंजूरी दी। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कैबिनेट बैठक के फैसलों की जानकारी दी। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि इसके साथ ही कैबिनेट ने भारत संचार निगम लिमिटेड (BSNL) और भारत ब्रॉडबैंड नेटवर्क लिमिटेड (BBNL) के मर्जर को मंजूरी दी।

By संतोष सिंह 
Updated Date

नई दिल्ली। सरकारी दूरसंचार कंपनी भारत संचार निगम लिमिटेड (BSNL) को लेकर बुधवार को एक बड़ी खबर सामने आई है। कैबिनेट ने बीएसएनएल (BSNL) में जान फूंकने के लिए 1.64 लाख करोड़ रुपए के रिवाइवल पैकेज को मंजूरी दी। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कैबिनेट बैठक के फैसलों की जानकारी दी। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि इसके साथ ही कैबिनेट ने भारत संचार निगम लिमिटेड (BSNL) और भारत ब्रॉडबैंड नेटवर्क लिमिटेड (BBNL) के मर्जर को मंजूरी दी।

पढ़ें :- Rajya Sabha Elections: हिमाचल में कांग्रेस को बड़ा झटका, भाजपा के हर्ष महाजन को मिली जीत

अश्विनी वैष्‍णव ने बताया कि सरकार 4जी सेवाओं के विस्तार में मदद के लिये बीएसएनएल को स्पेक्ट्रम आवंटित करेगी। सार्वजनिक क्षेत्र की इस दूरसंचार कंपनी को 33,000 करोड़ रुपये के वैधानिक बकाये को इक्विटी में बदला जाएगा। साथ ही कंपनी 33,000 करोड़ रुपये के बैंक कर्ज के भुगतान के लिये बॉन्ड जारी करेगी। कंपनी नेटवर्क के अपग्रेडेशन के लिए CAPEX को आज मंजूरी दे दी गई है।

BBNL का ऑप्टिकल फाइबर BSNL का होगा
केंद्रीय मंत्री ने कहा इस पैकेज से टेलीकॉम कंपनी को 4G में अपग्रेड करने में मदद मिलेगी। वहीं, BSLN और BBNL के मर्जर से भी संयुक्त कंपनी मजबूत होगी. इस मर्जर से अब देशभर में बिछे BBNL के 5.67 लाख किलोमीटर के ऑप्टिकल फाइबर का पूरा कंट्रोल बीएसएनएल हाथों में आ जाएगा।

मर्जर से होगा बड़ा फायदा
BSNL के पास 6.80 लाख किलोमीटर से ज्यादा ऑप्टिकल फाइबर नेटवर्क है। वहीं, BBNL ने देश के 1.85 लाख ग्राम पंचायतों में 5.67 लाख किलोमीटर ऑप्टिकल फाइबर बिछा रखा है। BSLN को BBNL द्वारा बिछाए गए फाइबर का कंट्रोल यूनिवर्सल सर्विस ऑब्लिगेशन फंड (USOF) के जरिए मिलेगा। फंड जुटाने के लिए सरकार अगले तीन साल में BSNL के लिए 23,000 करोड़ रुपए का बॉन्ड जारी करेगी। वहीं सरकार MTNL के लिए 2 साल में 17,500 करोड़ रुपए का बॉन्ड जारी करेगी।

BSNL के पास 4G सर्विस भी नहीं
वहीं, दूसरी तरफ भारत में आज 5G स्पेक्ट्रम के लिए नीलामी हो रही है. इस ऑक्शन में Reliance Jio, Airtel और दूसरी कंपनियां भाग ले रही है। हालांकि, जैसा की सबको पता है इस ऑक्शन से सरकारी टेलीकॉम कंपनी भारत संचार निगम लिमिटेड या BSNL भाग नहीं ले रहा है। BSNL इस ऑक्शन का हिस्सा इसलिए भी नहीं है। क्योंकि इसने अभी तक 4G सर्विस भी जारी नहीं की है. ये फिलहाल 4G सर्विस लॉन्च पर ही ध्यान दे रहा है। इसको लेकर यूजर्स इसको सोशल मीडिया पर बहुत ज्यादा ट्रोल भी कर रहे हैं।

पढ़ें :- राज्यसभा चुनाव के बीच हिमाचल सरकार पर बढ़ा संकट! सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू ने लगाया बड़ा आरोप

Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...