क्या आप सोच सकते हैं कि जिस पेपर कप में चाय पीकर आप उसे कूड़ेदान में फेंक देते हैं, वही मामूली कप किसी को रातों-रात वैश्विक मंच पर चैंपियन बना सकता है? केरल के 57 वर्षीय समाजसेवी सुनील जोसेफ ने कुछ ऐसा ही अनोखा और अविश्वसनीय कारनामा कर दिखाया है।
क्या आप सोच सकते हैं कि जिस पेपर कप में चाय पीकर आप उसे कूड़ेदान में फेंक देते हैं, वही मामूली कप किसी को रातों-रात वैश्विक मंच पर चैंपियन बना सकता है? केरल के 57 वर्षीय समाजसेवी सुनील जोसेफ ने कुछ ऐसा ही अनोखा और अविश्वसनीय कारनामा कर दिखाया है।