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मोहम्मद यूनुस के कट्टरपंथी सोच पर तारिक रहमान का करारा वार, बोले—‘नया बांग्लादेश बनाना होगा, जिसमें सभी धर्म के लोग…’

बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) के कार्यवाहक अध्यक्ष और पूर्व पीएम खालिदा जिया (Former PM Khaleda Zia) के बेटे तारिक रहमान (Tariq Rahman) 17 साल बाद बांग्लादेश लौट आए हैं। शेख हसीना सरकार के तख्तापलट करने वाले कट्टरपंथी नेता उस्मान हादी (Osman Hadi) की हत्या के बाद से देश में हो रही हिंसा के बीच तारिक रहमान (Tariq Rahman) बांग्लादेश लौटे हैं।

By संतोष सिंह 
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नई दिल्ली। बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) के कार्यवाहक अध्यक्ष और पूर्व पीएम खालिदा जिया (Former PM Khaleda Zia) के बेटे तारिक रहमान (Tariq Rahman) 17 साल बाद बांग्लादेश लौट आए हैं। शेख हसीना सरकार के तख्तापलट करने वाले कट्टरपंथी नेता उस्मान हादी (Osman Hadi) की हत्या के बाद से देश में हो रही हिंसा के बीच तारिक रहमान (Tariq Rahman) बांग्लादेश लौटे हैं। ढाका एयरपोर्ट (Dhaka Airport) के पास उनका स्वागत करने के लिए उनकी पार्टी BNP के करीब 1 लाख कार्यकर्ता जुटे। रहमान गिरफ्तारी से बचने के लिए 2008 में लंदन भाग गए थे। तब हसीना सरकार में उनके खिलाफ भ्रष्टाचार के कई मामले चल रहे थे।

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तारिक रहमान (Tariq Rahman)  बांग्लादेश लौटते ही अपने समर्थकों को संबोधित किया। संबोधन के दौरान उन्होंने कट्टरपंथी सोच वाले मोहम्मद यूनुस (Muhammad Yunus) के सोच पर करारा वार किया। संबोधन की शुरुआत करते हुए तारिक रहमान (Tariq Rahman)  ने कहा कि आज वक्त है कि हम सब एकजुट हों। मुस्लिम, ईसाई, बौद्ध और हिंदू, सभी मिलकर यहां रहते हैं। हमें मिलकर एक नया बांग्लादेश बनाना है। तारिक रहमान (Tariq Rahman) ने अपने भाषण में कहा कि उनकी यही इच्छा है कि बांग्लादेश का हर आदमी सुरक्षित रहे।

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उन्होंने आगे कहा कि अल्लाह का शुक्रिया अदा करते हैं जिनकी कृपा से वो अपनी मातृभूमि में वापस लौट सके। उन्होंने कहा कि यह वही धरती है, जिसे 1971 में भारी बलिदानों के बाद आजादी मिली थी। तारिक रहमान (Tariq Rahman)  ने कहा कि इसी तरह का एक आंदोलन 2024 में भी देखने को मिला, जब 5 अगस्त को लोगों ने देश की संप्रभुता की रक्षा के लिए खड़े होकर संघर्ष किया।

रहमान ने मार्टिन लूथर किंग जूनियर के भाषण का जिक्र किया

तारिक रहमान (Tariq Rahman) ने अपने भाषण के दौरान मार्टिन लूथर किंग जूनियर का जिक्र किया। रहमान ने मार्टिन लूथर के ‘मेरा एक सपना है’ भाषण का जिक्र करते हुए कहा- हमें बांग्लादेश में शांति की रक्षा हर कीमत पर करनी होगी। मेरे पास अपने देशवासियों के लिए एक प्लान है।” मार्टिन लूथर किंग जूनियर (Martin Luther King Jr.) अमेरिका के प्रसिद्ध बैप्टिस्ट पादरी, नागरिक अधिकार कार्यकर्ता और अहिंसक आंदोलन के नेता थे। उन्हें अमेरिका का गांधी भी कहा जाता है। उन्होंने महात्मा गांधी के अहिंसा के सिद्धांतों से प्रेरणा लेकर अफ्रीकी-अमेरिकियों (अश्वेतों) के खिलाफ नस्लीय भेदभाव और अलगाव के विरुद्ध संघर्ष किया था।

भाषण से पहले तारिक ने रोड शो किया

300 फीट रोड पर बस में आगे शीशे के पास खड़े होकर तारिक ने बार-बार हाथ हिलाकर वहां मौजूद समर्थकों का अभिवादन किया। जैसे ही बस नजर आई, नेताओं और कार्यकर्ताओं ने “तारिक जिया” के नारे लगाने शुरू कर दिए। तारिक को हवाई अड्डे से 300 फीट रोड तक पहुंचने में दो घंटे से अधिक का समय लगा।

अपने नेता की एक झलक पाने को बेताब लोग

कार्यक्रम स्थल पर उत्सव जैसा माहौल दिख रहा है जहां कार्यकर्ताओं में उत्साह और जोश साफ नजर आया। कुछ लोगों ने बांग्लादेश का राष्ट्रीय ध्वज लहराकर तारिक रहमान (Tariq Rahman)  की वापसी का जश्न मनाया, तो कुछ पार्टी के चुनाव चिह्न धान की बालियां लेकर पहुंचे। वहीं कई कार्यकर्ता रंग-बिरंगे कपड़ों में ढोल-नगाड़े बजाते दिखाई दिए।

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शेख हसीना की पार्टी बोली- तारिक की वापसी का मकसद एकतरफा चुनाव कराना

शेख हसीना की अवामी लीग के छात्र संगठन ने तारिक की वापसी को लेकर BNP पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि तारिक रहमान (Tariq Rahman)  की घर वापसी से देश में राजनीतिक अस्थिरता बढेगी। इस वापसी का एक ही मकसद है एकतरफा चुनाव करवाना। रिपोर्ट के अनुसार, बांग्लादेश स्टूडेंट्स लीग के अध्यक्ष सद्दाम हुसैन ने इसे “फासीवादी राजनीति” करार दिया। हुसैन ने कहा कि तारिक की वापसी से बांग्लादेश की समस्याएं हल नहीं होंगी। इससे एकतरफा चुनाव होंगे और फासीवादी राजनीति जारी रहेगी। वह 2004 के हमले से जुड़े कई मामलों में दोषी ठहराए गए अपराधी हैं और उन्होंने न्यायिक प्रक्रियाओं को दरकिनार कर दिया है।

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