बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी को ट्रेन में बिहारी यात्रियों की दुर्दशा देख गुस्सा हो गए। वह ट्रेन से प्रयागराज से नई दिल्ली जा रहे थे। इस दौरान बिहार से चलने वाली ट्रेनों में यात्रियों की दुर्दशा देख गंभीर चिंता जताई। उन्होने केंद्र सरकार और रेल मंत्रालय को सुझाव देने के साथ ही ट्रेनों की संख्या बढ़ाने की मांग की है। केंद्रीय मंत्री ने ट्रेन की यात्रा के दौरान लाखों बिहारी यात्रियों को रोजाना होने वाली मुश्किलों को देख कर गंभीर चिंता जताई है।
नई दिल्ली। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी को ट्रेन में बिहारी यात्रियों की दुर्दशा देख गुस्सा हो गए। वह ट्रेन से प्रयागराज से नई दिल्ली जा रहे थे। इस दौरान बिहार से चलने वाली ट्रेनों में यात्रियों की दुर्दशा देख गंभीर चिंता जताई। उन्होने केंद्र सरकार और रेल मंत्रालय को सुझाव देने के साथ ही ट्रेनों की संख्या बढ़ाने की मांग की है। केंद्रीय मंत्री ने ट्रेन की यात्रा के दौरान लाखों बिहारी यात्रियों को रोजाना होने वाली मुश्किलों को देख कर गंभीर चिंता जताई है। उन्होनें कहा कि दिल्ली से बिहार के लिए रोज 12 से 13 ट्रेने होने की बाद भी यह हालत बहुत खराब है।
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी गुरुवार को नई दिल्ली से प्रयागराज रेलवे स्टेशन गए थे। इस दौरान वह प्लेटफॉर्म पर भारी भीड़ देखकर हैरान हो गए। उन्हें एहसास हुआ कि बिहार और दिल्ली बीच 12 से 13 ट्रेनें चलती है। यह यात्रा करने वाले यात्रियों की संख्या को देखते हुए बहुत कम है। केंद्रीय मंत्री ने अपनी यात्रा के दौरान सीमित संसाधनों के कारण यात्रियों को होने वाली दिक्कतों को करीब से देखा। मजदूर, छात्र और कम सैलरी वाली नौकरी करने वाले लोगों की जनरल कोच में भीड़ देख चिंता जताई। केंद्रीय मंत्री ने सोशल मीडिया के एक्स पर लिखा कि आज दिल्ली से प्रयागराज की यात्रा के दौरान नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर महसूस हुआ कि नई दिल्ली से बिहार जाने वाली करीब 12–13 ट्रेनें, बिहार से आने-जाने वाले यात्रियों की भारी संख्या के मुकाबले अपर्याप्त हैं। जिस तरह हमारी NDA सरकार ने पिछले दस सालों में रेल की आधुनिकीकरण और आम जन की सुविधाओं के लिए ऐतिहासिक काम किए है। उसको ध्यान में रखकर अगर बिहार से दिल्ली आने जाने वाले लाखों यात्रियों के लिए ट्रेनों और सामान्य (जनरल) बोगियों की संख्या को और बढ़ा दिया जाए तो सोने पे सुहागा हो जाएगा। इसके साथ ही उन्होने ट्रेने बढ़ाने की भी मांग की है। केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने अपने पोस्ट में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव, रेल मंत्रालय और प्राधानमंत्री कार्यालय को टैग किया है।