1. हिन्दी समाचार
  2. दुनिया
  3. दो और देशों के बीच छिड़ने वाली है जंग, तेल व खनिज भंडार बन रहे युद्ध की वजह

दो और देशों के बीच छिड़ने वाली है जंग, तेल व खनिज भंडार बन रहे युद्ध की वजह

Venezuela and Guyana war: रूस-यूक्रेन (Russia-Ukraine war) और इजरायल-हमास (Israel-Hamas war) के बीच जंग के बाद अब एक और युद्ध के हालात बनते नजर आ रहे हैं। जिसमें लैटिन अमेरिका (Latin America) के दो देश के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है। इसके पीछे अरबों डॉलर के तेल भंडार और खनिज हैं। युद्ध किसी भी वक्त शुरू हो सकता है। 

By Abhimanyu 
Updated Date

Venezuela and Guyana tensions: रूस-यूक्रेन (Russia-Ukraine war) और इजरायल-हमास (Israel-Hamas war) के बीच जंग के बाद अब एक और युद्ध के हालात बनते नजर आ रहे हैं। जिसमें लैटिन अमेरिका (Latin America) के दो देश के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है। इसके पीछे अरबों डॉलर के तेल भंडार और खनिज हैं। युद्ध किसी भी वक्त शुरू हो सकता है।

पढ़ें :- जॉर्डन में अमेरिकी बेस पर Drone Attack तीन सैनिकों की मौत और कई घायल, जो बाइडन ने दी प्रतिक्रिया

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, लैटिन अमेरिका (Latin America) के वेनेजुएला (Venezuela) की फौज पड़ोसी देश गुयाना (Guyana) पर कभी भी हमला कर सकती है। दूसरी तरफ गुयाना के राष्ट्रपति इरफ़ान अली ने बुधवार को एसोसिएटेड प्रेस कहा कि उनका देश वेनेजुएला से खुद को बचाने के लिए हर जरूरी कदम उठा रहा है। दरअसल, वेनेजुएला किसी भी कीमत पर घने जंगलों से भरे इस्सेक्यूइबो (Essequibo) पर अपना कब्जा चाहता है। ये इलाका अरबों डॉलर के तेल भंडार और खनिजों से भरा हुआ है।

इस्सेक्यूइबो (Essequibo) पर वेनेजुएला और गुयाना दोनों ही अपना अधिकार जमाने की कोशिश करते रहे हैं। अब वेनेजुएला का दावा है कि बंटवारे के दौरान गुयाना ने इस्‍सेक्‍यूइबो इलाके को चुरा लिया था। ऐसे में वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो (Venezuelan President Nicolas Maduro) ने अपने देश के लोगों से इसको लेकर जनमत संग्रह कराया है, जिसके बाद राष्ट्रपति ने इस्सेक्यूइबो को वेनेजुएला में शामिल करने पर अपनी सहमति भी दे दी है।

वहीं, गुयाना के राष्ट्रपति इरफ़ान अली (Guyana President Irfaan Ali) ने कहा कि वेनेजुएला की घोषणाएं पूरी तरह से अंतरराष्ट्रीय कानून की अवहेलना हैं। कोई भी देश जो इतने खुले तौर पर महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय निकायों की अवहेलना करता है, उसे न केवल गुयाना के लिए बल्कि पूरी दुनिया के लिए चिंता का विषय होना चाहिए। एसोसिएटेड प्रेस से बातची में अली ने कहा, “हम इस खतरे को बहुत गंभीरता से लेते हैं और हमने इस क्षेत्र की शांति और स्थिरता सुनिश्चित करने के लिए कई एहतियाती कदम उठाए हैं।

पढ़ें :- UNRWA Funding : अमेरिका समेत 6 देशों ने यूएन की एजेंसी की फंडिंग रोकी, हमास की मदद करने का लगा था आरोप
इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...