उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की चेयरपर्सन बबीता सिंह चौहान ने वाइस चेयरपर्सन अपर्णा यादव और उनके पति प्रतीक यादव के बीच तलाक के मामले पर बड़ा बयान दिया है। उन्होने कहा कि यह उनका निजी पारिवारिक मामला है। बबीता सिंह चौहान ने कहा कि बीजेपी नेता और मुलायम सिंह यादव की बहू अपर्णा यादव ने इस मुद्दे पर आयोग से संपर्क नहीं किया है। मुझे लगता है कि यह उनका पारिवारिक मामला है।
नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की चेयरपर्सन बबीता सिंह चौहान (Women’s Commission Chairperson Babita Singh Chauhan) ने वाइस चेयरपर्सन अपर्णा यादव और उनके पति प्रतीक यादव (Aparna Yadav and her husband Prateek Yadav) के बीच तलाक के मामले पर बड़ा बयान दिया है। उन्होने कहा कि यह उनका निजी पारिवारिक मामला है। बबीता सिंह चौहान ने कहा कि बीजेपी नेता और मुलायम सिंह यादव (Mulayam Singh Yadav) की बहू अपर्णा यादव ने इस मुद्दे पर आयोग से संपर्क नहीं किया है। मुझे लगता है कि यह उनका पारिवारिक मामला है। महिला आयोग की वह खुद एक हिस्सा हैं, इसलिए वह यहां फैसले लेती हैं। मुझे लगता है कि वह अपने मामले खुद संभाल सकती हैं।
बबीता सिंह चौहान ने कहा कि अगर कुछ होता है तो हम इस पर चर्चा करेंगे। लेकिन मुझे नहीं लगता कि उन्होंने ऐसा कुछ कहा है। वह सक्षम हैं और अपने मामले खुद संभाल सकती हैं। यह इंस्टाग्राम पर एक सोशल मीडिया पोस्ट के बाद आया है, जिसमें प्रतीक यादव ने अपर्णा से तलाक लेने के अपने इरादे की घोषणा की है। प्रतीक यादव ने आरोप लगाया है अर्पणा यादव ने उनके पारिवारिक संबंधों को खराब कर दिया और रिश्तों से ज़्यादा शोहरत को प्राथमिकता दी। साथ ही कहा कि अर्पण के परिवार के सदस्यों के साथ रिश्ते तोड़ दिए हैं और वह सबसे बड़ी झूठी है। प्रतीक यादव ने आरोप लगाया कि वह एक परिवार तोड़ने वाली है और बहुत ही स्वार्थी है। अर्पणा यादव से जल्द से जल्द तलाक लेना चाहता है। प्रतीक यादव ने आरोप लगाया कि अर्पणा ने मेरी मां के साथ मेरा रिश्ता तोड़ दिया। मेरे पिता के साथ मेरा रिश्ता तोड़ दिया। मेरे भाई के साथ मेरा रिश्ता तोड़ दिया। वह मशहूर होना चाहती है और वह सबसे बड़ी झूठी है। प्रतीक यादा ने कहा कि अभी मेरी मानसिक हालत बहुत खराब है और उसे कोई फर्क नहीं पड़ता। क्योंकि उसे सिर्फ अपनी ही चिंता है। मैंने इतनी बुरी आत्मा कभी नहीं देखी और मेरा दुर्भाग्य था कि मेरी शादी उससे हुई। बता दे कि इस मामले में वाइस चेयरपर्सन अर्पणा यादव या उनके परिवार के सदस्यों ने अभी तक इस मामले पर कोई बयान जारी नहीं किया है।